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Ketan Murder Case: केतन अग्रवाल हत्याकांड में तीसरी गिरफ्तारी, सिया-चेतन की साजिश में दोस्त की भी भूमिका

Ketan Agarwal Murder Case: केतन अग्रवाल हत्याकांड में पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। लोनावाला पुलिस के मुताबिक सिया गोयल और चेतन चौधरी के साथी रितेश हिंगे की हत्या की साजिश में भूमिका सामने आई है।
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पुणे

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Rakesh Mishra

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Updated: 5 Sep 2026, 8:48 PM IST

Ketan Agarwal Murder Case

कारोबारी केतन अग्रवाल हत्याकांड। फाइल फोटो- पत्रिका

पुणे। कारोबारी केतन अग्रवाल की हत्या के मामले में पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। लोनावाला पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार रितेश हिंगे मुख्य आरोपी सिया गोयल और चेतन चौधरी का साथी है और हत्या की साजिश में उसकी भूमिका सामने आई है। मामले में अब तक तीन गिरफ्तारियां हो चुकी हैं। पुलिस के मुताबिक रितेश हिंगे चेतन चौधरी का दोस्त है और केतन की हत्या की योजना में शामिल था।

रितेश को पहले से थी जानकारी

पुलिस का कहना है कि रितेश को पहले से पता था कि सिया और चेतन केतन को रास्ते से हटाने की योजना बना रहे हैं। पहले उसे घायल करने और बाद में हत्या करने की योजना बनाई गई थी। 18 जून को केतन सिया के साथ लोहागढ़ किले पर गया था। आरोप के मुताबिक वहीं सिया और चेतन ने उसे ऊंचाई से धक्का दे दिया। इसके बाद घटना को हादसा बताने की कोशिश की गई। पुलिस के अनुसार हत्या के बाद चेतन ने रितेश को फोन कर पूरी घटना की जानकारी दी थी।

पहले पुलिस ने माना था हादसा

केतन की मौत के बाद शुरुआत में पुलिस ने इसे हादसा माना और आकस्मिक मौत का मामला दर्ज किया। हालांकि केतन की बहन को घटना की कहानी पर भरोसा नहीं हुआ। अंतिम संस्कार के बाद भी वह लगातार घटना के हालात को लेकर सवाल उठाती रही। घटना के चार दिन बाद सिया केतन के परिवार से मिलने पहुंची। इस दौरान केतन की बहन ने उससे लोहागढ़ किले में हुई घटना के बारे में विस्तार से पूछा। पुलिस के मुताबिक सिया के जवाबों में कुछ बातें मेल नहीं खा रही थीं और वह कई सवालों पर साफ जवाब नहीं दे रही थी। इसके बाद परिवार ने पुलिस से मामले की नए सिरे से जांच की मांग की।

हत्या की साजिश रचने का आरोप लगा

जांच में सामने आया कि केतन और सिया 31 मई, 14 जून और 18 जून को तीन बार लोहागढ़ किले गए थे। सिया ने शुरुआत में पुलिस को बताया था कि फोटो खिंचवाते समय केतन का पैर फिसला और वह खाई में गिर गया। पुलिस ने जब मामले की गहराई से जांच की तो सिया और चेतन के बीच संबंधों का पता चला। इसके बाद दोनों पर केतन अग्रवाल की हत्या की साजिश रचने का आरोप लगा। दोनों को 23 जून को गिरफ्तार कर लिया गया था। इसके बाद पुलिस यह पता लगाने में जुटी थी कि इस साजिश में और कौन लोग शामिल थे। इसी जांच के दौरान रितेश हिंगे का नाम सामने आया। पुणे ग्रामीण के पुलिस अधीक्षक संदीप सिंह गिल ने बताया कि जांच में रितेश की भूमिका सामने आई। पुलिस के अनुसार, वह सिया और चेतन की योजना से परिचित था और हत्या के बाद चेतन ने उससे संपर्क भी किया था।

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