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यहां मंडरा रहा मौत का खतरा! एक साथ विचरण कर रहा 166 हाथियों का दल, 17 किसानों की धान फसल चौपट

Elephant Herd: रायगढ़ जिले के रायगढ़ और धरमजयगढ़ वन मंडल में हाथियों की सक्रियता बढ़ने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। दोनों वन मंडलों में कुल 166 हाथियों का दल विचरण कर रहा है।
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Chhattisgarh Elephant Corridor

हाथी (फोटो सोर्स- AI)

Elephant Terror: रायगढ़ जिले के रायगढ़ और धरमजयगढ़ वन मंडल में इन दिनों हाथियों की सक्रियता बढ़ गई है। दोनों वन मंडलों के जंगल और आसपास के गांवों में कुल 166 हाथियों का दल विचरण कर रहा है। हाथियों के खेतों तक पहुंचने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। अब तक हाथियों ने 17 किसानों की धान की फसल को नुकसान पहुंचाया है। वन विभाग की टीमें प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी कर ग्रामीणों को सतर्क रहने की समझाइश दे रही हैं।

रायगढ़ वन मंडल में फिलहाल 57 हाथियों की मौजूदगी दर्ज की गई है। जुनवानी क्षेत्र में हाथियों के दल ने तीन किसानों के खेतों में पहुंचकर धान की फसल को नुकसान पहुंचाया। तैयार हो रही धान की फसल के रौंदे जाने से किसानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है। वहीं रायगढ़ रेंज के पड़िगांव में 27 हाथियों का दल विचरण कर रहा है।

हाथियों के गांव और खेतों की ओर आने की आशंका को देखते हुए वन विभाग लगातार उनकी गतिविधियों पर नजर बनाए हुए है। दूसरी ओर, घरघोड़ा रेंज के कमतरा में एक हाथी घूम रहा है। इसके अलावा घरघोड़ा रेंज के ही दनौट क्षेत्र में 29 हाथियों का दल विचरण कर रहा है। हाथियों की मौजूदगी के कारण आसपास के ग्रामीणों को रात के समय विशेष सावधानी बरतने की हिदायत दी गई है।

कुल 109 हाथियों का दल विचरण कर रहा

धरमजयगढ़ वन मंडल में हाथियों की संख्या और अधिक है। यहां अलग-अलग इलाकों में कुल 109 हाथियों का दल विचरण कर रहा है। हाथियों के जंगल से निकलकर खेतों की ओर पहुंचने से ग्रामीणों की चिंता बढ़ गई है। वन विभाग के अनुसार, इस क्षेत्र में अब तक 14 किसानों की धान की फसल को नुकसान पहुंचाया गया है। धान की फसल इस समय खेतों में तेजी से बढ़ रही है। ऐसे में हाथियों के खेतों में पहुंचने से किसानों को दोहरी चिंता सता रही है। एक ओर फसल तैयार होने का इंतजार है, तो दूसरी ओर हाथियों के झुंड के कारण रात में खेतों की निगरानी करना भी जोखिम भरा हो गया है।

कराई जा रही मुनादी

वन अमले का कहना है कि हाथियों की गतिविधियों को देखते हुए प्रभावित गांवों में मुनादी और अन्य माध्यमों से लोगों को सतर्क किया जा रहा है। ग्रामीणों से अपील की गई है कि हाथियों की मौजूदगी की जानकारी मिलने पर सुरक्षित स्थान पर रहें और वन विभाग को तत्काल सूचना दें।

निगरानी के साथ ग्रामीणों को अलर्ट

वन विभाग द्वारा हाथियों के विचरण वाले क्षेत्रों में लगातार निगरानी की जा रही है। ग्रामीणों को हाथियों के करीब नहीं जाने, जंगल अथवा खेत की ओर अकेले नहीं जाने और हाथियों के दल को घेरने या भगाने का प्रयास नहीं करने की सलाह दी जा रही है। विभाग की टीमें हाथियों की लोकेशन पर नजर रखकर ग्रामीणों को सूचना दे रही हैं।

इन किसानों की फसल को नुकसान

धरमजयगढ़ वन मंडल के नागदरहा क्षेत्र में सुखसाय, जयचंद, मनिराम व साधराम की फसल को हाथियों ने नुकसान पहुंचाया है। वहीं बोरो रेंज के खम्हार दक्षिण में गणपति राठिया, ईश्वर सिंह व आसमति राठिया की फसल को नुकसान पहुंचाया है। इसके अलावा छाल क्षेत्र में अरेम, आसाराम राठिया, गिरधारी, समयलाल, इतवार व दयाराम राठिया की फसल को नुकसान पहुंचाया है। वहीं कापू के अलोला क्षेत्र में सतेसिंह सिदार, सुखसिंह सिदार, जयसिंह सिदार, तिलक सिदार व ओमप्रकाश सिदार सहित कापू के पुटुकछार क्षेत्र में रियासत राठिया व मनसाय लकड़ा की फसल को नुकसान पहुंचाया है।