
कांग्रेस का प्रदेशव्यापी आंदोलन (photo source- Patrika)
Chhattisgarh Politics: रायपुर जिले के नकटी गांव में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान 85 मकानों को तोड़े जाने का मामला अब राजनीतिक रंग ले चुका है। इस कार्रवाई के विरोध में प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने राज्य सरकार के खिलाफ प्रदेशव्यापी आंदोलन का ऐलान किया है। कांग्रेस ने घोषणा की है कि प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का पुतला दहन कर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। पार्टी ने अपने जिला और ब्लॉक स्तर के पदाधिकारियों को आंदोलन की तैयारियां शुरू करने के निर्देश भी जारी कर दिए हैं।
कांग्रेस का आरोप है कि राज्य सरकार ने बरसात के मौसम में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई कर गरीब परिवारों को बेघर कर दिया। पार्टी का कहना है कि ऐसे समय में जब लगातार बारिश हो रही है, लोगों के घरों को तोड़ना संवेदनहीन और अमानवीय कदम है। कांग्रेस नेताओं का दावा है कि इस कार्रवाई के बाद प्रभावित परिवारों के सामने सिर छिपाने की जगह तक नहीं बची है। साथ ही उनके सामने रोजी-रोटी और बच्चों की पढ़ाई जैसी गंभीर समस्याएं भी खड़ी हो गई हैं।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि कांग्रेस नकटी गांव के प्रभावित परिवारों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर संघर्ष करेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार गरीबों के आशियाने उजाड़ रही है, लेकिन उनके पुनर्वास और वैकल्पिक व्यवस्था की कोई चिंता नहीं कर रही। बैज ने कहा कि कांग्रेस इस मुद्दे को केवल सड़क पर ही नहीं, बल्कि विधानसभा के भीतर भी मजबूती से उठाएगी। उन्होंने कहा कि पार्टी का उद्देश्य प्रभावित परिवारों को न्याय दिलाना और सरकार पर पुनर्वास की व्यवस्था सुनिश्चित करने का दबाव बनाना है।
प्रदेश कांग्रेस के मुताबिक, पार्टी के विधायकों ने भी मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को पत्र लिखकर नकटी गांव के प्रभावित परिवारों के लिए न्याय की मांग की है। पत्र में कहा गया है कि पुनर्वास की समुचित व्यवस्था किए बिना गरीब परिवारों के मकान तोड़ना उचित नहीं है। कांग्रेस विधायकों ने सरकार से मांग की है कि प्रभावित लोगों के रहने और जीवनयापन की वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करने के बाद ही आगे कोई कार्रवाई की जाए।
कांग्रेस ने स्पष्ट किया है कि जब तक नकटी गांव के प्रभावित परिवारों को न्याय और उचित पुनर्वास नहीं मिलेगा, तब तक उसका आंदोलन जारी रहेगा। पार्टी ने सभी जिला और ब्लॉक इकाइयों को सक्रिय रहने और स्थानीय स्तर पर विरोध प्रदर्शन आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। कांग्रेस का कहना है कि प्रदेशभर में होने वाले प्रदर्शन के जरिए सरकार पर दबाव बनाया जाएगा ताकि प्रभावित परिवारों को राहत, पुनर्वास और न्याय मिल सके।
कांग्रेस के आंदोलन की शुरुआत जिला मुख्यालयों से होगी। मुख्यमंत्री के पुतला दहन के साथ ज्ञापन सौंपे जाएंगे और सरकार की कार्रवाई के खिलाफ विरोध दर्ज कराया जाएगा। पार्टी नेताओं का कहना है कि यदि सरकार ने जल्द कोई समाधान नहीं निकाला तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
नकटी गांव में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई अब प्रशासनिक मुद्दे से आगे बढ़कर राजनीतिक बहस का विषय बन गई है। एक ओर सरकार इसे अतिक्रमण हटाने की नियमित कार्रवाई बता रही है, वहीं कांग्रेस इसे गरीबों के अधिकारों और पुनर्वास से जुड़ा मुद्दा बताते हुए प्रदेशव्यापी आंदोलन के जरिए सरकार को घेरने की तैयारी में है। आने वाले दिनों में यह मामला प्रदेश की राजनीति में और गर्माने की संभावना है।
Updated on:
03 Jul 2026 02:07 pm
Published on:
03 Jul 2026 02:07 pm
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
