
आदिवासी महिला किसान ने कहा, कलेक्टर साहब आश्वासन नहीं मुझे केसीसी लोन चाहिए
पाण्डुका। जिले के आमजन अपनी समस्याओं को लेकर प्रत्येक मंगलवार को जिला मुख्यालय में आयोजित जनचौपाल में पहुंचते हैं। जब निचले स्तर के अधिकारी-कर्मचारी आम जनता के प्रति अपनी कर्तव्य पर खरे नहीं उतरते, तभी गरीब आम आदमी कलेक्टर के पास अपनी समस्या लेकर जाने को मजबूर होते हैं। ऐसे ही अपनी समस्या लेकर पहुंची ग्राम पंचायत फुलझर (घटारानी) की आदिवासी किसान विधवा महिला मान बाई गोंड पति स्व. भंवरुराम गोंड ने बताया कि मेरे पति पूर्व में केसीसी लोन छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण बैंक शाखा पांडुका में लेते थे। पति के स्वर्गवास के बाद ऋण पुस्तिका में मेरे व बेटे और बेटियों का नाम हुआ। जब मैं वर्ष 2022 में छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण बैंक शाखा पांडुका पहुंची तो मुझे शाखा प्रबंधक द्वारा कहा गया कि आपका कागजात पूर्ण नहीं है, इसे पूर्ण करा कर लाओ तब आपको केसीसी लोन मिल जाएगा। इसके बाद मेरे सभी बेटियों और एक बेटे के साथ कागजात पूर्ण कर बैंक शाखा प्रबंधक के पास गया तो हमें बोला कि केसीसी लोन नहीं देंगे। मैं दुखी होकर जिला मुख्यालय जनचौपाल में 26 सितंबर 2022 को आवेदन किया। कलेक्टर के कार्यवाही की उम्मीद थी, लेकिन समय के साथ.साथ उम्मीद भी खत्म होती गई। 25 अप्रैल 2023 को कलेक्टर को उनके हाथों में अपने आवेदन प्रस्तुत किया। कलेक्टर ने कहा कि इस विषय में मैं विभाग को दिखवाता हूं। अब मानबाई गोड़ को कलेक्टर के आश्वासन बाद केसीस लोन मिलने का इंतजार है।
वहीं, समाजसेवी मनोज पटेल ने कहा कि केंद्र व राज्य सरकार द्वारा किसानों को खेती करने के लिए योजनाओं के माध्यम से लोन देने का प्रावधान है। उन्होंने किसानों की समस्याओं को जल्द से जल्द दूर करने की अपील कलेक्टर से की है।
Published on:
30 Apr 2023, 4:32 PM IST
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