
Rakesh Tikait
रायपुर/ राजिम. केंद्र सरकार के तीन कृषि कानूनों और न्यूनतम समर्थन मूल्य की कानूनी गारंटी को लेकर राजिम के कृषि उपज मंडी में 28 सितम्बर को किसानों की पहली महापंचायत होगी। इसमें दिल्ली में किसान आंदोलन का नेतृत्व कर रहे राकेश टिकैत के अलावा योगेंद्र यादव, मेधा पाटकर, डॉ. सुनीलम, बलवीर सिंह राजेवाल, बलदेव सिंह सिरसा, कामरेड सत्यवान मुख्य वक्ता के रूप में शामिल होंगे। राकेश टिकैत मंगलवार की सुबह रायपुर पहुंचेंगे। जबकि डॉ.सुनीलम व कामरेड सत्यवान सोमवार को ही रायपुर पहुंचकर मोर्चा संभाल लिया है।
छत्तीसगढ़ किसान मजदूर महासंघ के बैनर तले होने वाली इस किसान महापंचायत में 25 हजार किसानों के शामिल होने की संभावना है। महासंघ के संचालक मंडल सदस्य तेजराम विद्रोही ने बताया कि इस महापंचायत में किसानों से जुड़े अन्य मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा की जाएगी।
कार्यक्रम को लेकर स्थानीय किसान नेताओं की ओर से युद्धस्तर पर तैयारी की गई है। सुरक्षा के भी कड़े इंतजाम किए गए हैं। महापंचायत में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल (Chief Minister Bhupesh Baghel) के भी शामिल होने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि फिलहाल उनके शामिल होने का कोई प्रोटोकॉल जारी नहीं हुआ है।
टिकैत ब्रदर्स असली किसान विरोधी : नलिनीश
भाजपा प्रदेश मीडिया प्रभारी नलिनीश ठोकने ने किसान आंदोलन के लिए छत्तीसगढ़ आ रहे राकेश टिकैत से पूछा कि एक चैनल के द्वारा किए स्टिंग ऑपरेशन पर क्या कहना है? उनके भाई नरेश टिकैत गुप्त कैमरे में कहते सुनाई पड़ रहे है लीज की जमीन पे गन्ने की फैक्ट्री लगा सकते हैं। वही जब केंद्र सरकार लीज पर कृषि कानून लेकर आई तो किसानों को डराते फिर रहे है कि अपनी जमीन किसी उद्योगपति को मत देना, वे लीज के बहाने जमीन हड़प लेंगे। उन्होंने कहा कि स्टिंग ऑपरेशन से स्पष्ट हो गया कि टिकैत भाई माइक के सामने, पब्लिक के सामने किसान हितैषी बनते है लेकिन स्टिंग ऑपरेशन ने पूरा का पूरा छुपा एजेंडा सामने कर दिया है।
Updated on:
28 Sept 2021 12:23 pm
Published on:
28 Sept 2021 12:23 pm
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