
हिंडन नदी
सहारनपुर। अच्छी खबर है कि, राष्ट्रीय हरित अधिकरण एनजीटी ने हिंडन को जीवित करने का बीड़ा उठा लिया है। इस बार याेजना सहारनपुर में कैनाल बनाकर हिंडन में यमुना का पानी पहुंचाने की है।
हिंडन नदी वेस्ट यूपी की जीवनदायिनी कहलाती है लेकिन वर्तमान में इसका पानी खराब हो चुका है। अब हिंडन का पानी पीने लायक नहीं बचा है। हिंडन की इस दुर्दशा को एनजीटी ( NGT ) ने गंभीरता से लिया है। हिंडन में अब यमुना का पानी लाए जाने की योजना तैयार की गई है। इसके लिए सहारनपुर के पास कैनाल बनाकर यमुना के पानी काे हिंडन में लाया जाएगा। इसके लिए यमुना पर करीब आधा दर्जन चेकडैम भी बनाए जाने की याेजना है।
एनजीटी के इन आदेशों के बाद केंद्रीय जल शक्ति सचिव के नेतृत्व में विशेषज्ञों की एक टीम बनाई गई है। यह टीम ऐसा प्लान तैयार करने जा रही है जिससे हिंडन और यमुना को जोड़ा जा सके। यमुना के पानी को हिंडन में लाए जाने की योजना बनाई गई है और इसका असर यमुना नदी पर भी ना पड़े इसके लिए यमुना को भी लबालब रखने के लिए हिमाचल प्रदेश व उत्तराखंड में तीन नए बांध बनाए जाने की योजना तैयार की गई है।
याेजना के तहत उत्तराखंड में यमुना नदी पर लखवारा बांध, हिमाचल में यमुना की सहायक नदी 'गिरी' व हिमाचल में ही यमुना की सहायक नदीं टाेंस पर किमाऊ बांध बनना है। सिंचाई विभाग के अधिकारियों का कहना है कि दोनों बांधों के निर्माण के लिए उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, उत्तर प्रदेश व दिल्ली सरकार के बीच एमओयू भी हो चुका है। अब बांध तैयार कर यमुना और हिंडन को जोड़ा जाएगा और यमुना का पानी हिंडन में भी छोड़ा जाएगा। इससे हिंडन की जो दुर्दशा हो रही है वह खत्म होगी और हिंडन में एक बार फिर से कल-कल जल की धारा बहेगी।
Published on:
6 Mar 2020, 9:28 AM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.