सीजन के दौर में मांग के मुताबिक पूर्ति करने के लिए केला, आम, पपीता, अनार, चीकू, अंगूर व अन्य फलों को तीन से चार दिन तक कोल्ड स्टोरेज में भंडारण कर कार्बाइड से पकाया जाता है। केमिकल से पके हुए फल साधारण पके फलों की तुलना में ज्यादा चमकदार होते है। ऐसे में लोग इन्हें खरीदना पसंद करते हैं। चिकित्सकों के अनुसार अधिक मात्रा में केमिकल काम में लेकर पकाए गए फलों का लगातार सेवन कई बीमारियों का कारण बनता है। इससे कैंसर होने की आशंका रहती है। लीवर और आंतों में दिक्कतें होने से जी मचलाने, भूख नहीं लगने आदि शिकायतें होने लगती हैं। बिना धुले आम, चीकू, केले, अंगूर आदि खाने से दुष्प्रभाव अधिक होता है।