
फाइल फोटो पत्रिका
Rajasthan : राजस्थान में इस दिवाली पर प्रदेश की सरकारी स्कूलों का रूप भी नए रंग से निखरेगा। इसके लिए शिक्षा विभाग ने सभी राजकीय उच्च माध्यमिक स्कूलों में मरम्मत के साथ रंग-रोगन करवाना तय किया है। खास बात ये भी है कि रंगाई के लिए विभाग ने एक निश्चित कलर कोड भी जारी किया है। ऐसे में आगामी दिनों में प्रदेशभर की सभी स्कूलों में रंगों की एकरूपता नजर आएगी।
पुताई व रंगाई के लिए प्रत्येक सरकारी स्कूल में 15 हजार से दो लाख रुपए तक खर्च किए जा सकेंगे। इस संबंध में शिक्षा निदेशक सीताराम जाट ने स्कूलों को विद्यार्थी विकास कोष से बजट काम लेने की स्वीकृति जारी की है। सही व पारदर्शी बजट खर्च के लिए राजस्थान लोक उपापन पारदर्शिता अधिनियम 2012 एवं नियम 2013 तथा सामान्य विभागीय एवं लेखा नियमों की पालना करने की हिदायत भी दी गई है।
शिक्षा निदेशक सीताराम जाट की ओर से जारी आदेश में लिखा है कि कलर कोड के अनुसार सरकारी स्कूलों की दीवारें आइवरी या रॉ जूट (हल्के पीले व गुलाबी रंग की झलक वाला ऑफ वाइट व मटमैला) रंग में रंगी जाएगी। इसी तरह दरवाजे व खिड़की नट ब्राउन (हल्का भूरा), छत सफेद तथा तारों की जाली ओरिएंटल लू (गहरा नीला रंग) से रंगी जाएगी।
राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालयों की दिवाली तक मरम्मत व रंग रोगन के संबंध में निदेशालय से निर्देश मिले हैं। विद्यार्थी विकास कोष से 15 हजार से दो लाख रुपए तक खर्च कर स्कूलों में मरम्मत व कलर कोड के हिसाब से रंग करवाया जाएगा।
मुकेश जैमन, मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी, सीकर
Updated on:
10 Oct 2025 09:11 am
Published on:
10 Oct 2025 09:11 am
