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पुलिस के राडार पर रहेंगे हार्डकोर आठ गांव

बीट कांस्टेबल रखेंगे नियमित निगरानी
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Amar Singh Rao

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Jun 25, 2017

जिले में चोरी व लूट की वारदात पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस ने हार्डकोर गांवों की सूची तैयार की है। अब ऐसे गांवों में पुलिस नियमित गश्त करेगी। इसके साथ ही चालानशुदा अपराधियों की कुंडली भी तैयार की जाएगी। इतना ही नहीं, इनकी हर गतिविधियों पर नियमित रूप से निगरानी रखी जाएगी। दरअसल, जिले में लूट, डकैती, नकबजनी, चोरी की वारदात बढ़ रही हैं। ऐसे में पुलिस अधीक्षक ओमप्रकाश ने हार्डकोर गांवों की सूची तैयार कर नियमित गश्त, निगरानी रखने के दिशा-निर्देश जारी किए हैं। इसके तहत अब बीट कांस्टेबल को इन गांवों में सप्ताह में दो बार जाकर गतिविधियां देखनी होंगी। वहीं बीट के चालानशुदा अपराधियों की सूची भी तैयार की जाएगी। बीट कांस्टेबल को इनकी गतिविधि पर नियमित निगरानी भी रखनी होगी।

ये हैं शामिल

थाना रोहिड़ा के वालोरिया व खादराफली, सरूपगंज थाना क्षेत्र के सांगवाड़ा व उडवारिया, पिण्डवाड़ा थाना क्षेत्र के मोरस व मालप, आबूरोड सदर थाना क्षेत्र के निचलागढ़, सोलंकीफली, सियावा, जिलोयाफली, माताफली को हार्डकोर गांव के रूप में चिह्नित किया है।

अधिकारी भी करेंगे दौरा

इन गांवों में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक व सम्बंधित पुलिस उप अधीक्षक भी समय-समय पर दौरा करेंगे। उप अधीक्षक को महीने में एक बार दौरा करना होगा। वहीं गांव में अपराध की स्थिति व अपराधियों की गतिविधियों के बारे में ग्राम अपराध पंजिका में नोट लगाना होगा। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गांवों में समय-समय पर दौरा करेंगे। वहीं थाना प्रभारियों की समीक्षा बैठक लेकर अपराध की रोकथाम को लेकर दिशा-निर्देश दिए जाएंगे।

बनेगी कमेटी

पुलिस की ओर से इन हार्डकोर गांवों में कमेटियों का भी गठन किया जाएगा। इसमें पांच-पांच सदस्यों की महीने में एक बार बैठक ली जाएगी। पुलिस अधीक्षक भी बैठक लेंगे।

ग्राम अपराध पंजिका में डालेंगे नोट

चिह्नित गांवों में सम्बंधित थाना प्रभारी को भी महीने में दो बार गश्त करनी होगी। साथ ही, गांव में अपराध की स्थिति, अपराधियों की गतिविधियों के सम्बंध में रोज-आम और ग्राम अपराध पंजिका में नोट भी नियमित रूप से अंकित करना होगा। बीट कांस्टेबल व बीट प्रभारी को नियमित दिशा-निर्देश देने होंगे।

अपराध मुक्त वातावरण बनाने का प्रयास
सम्पत्ति सम्बंधित अपराधों में शामिल रहे जिले के आठ गांव चिह्नित किए गए हैं। इन गांवों के चालानशुदा बदमाशों की सूची तैयार कर निगरानी रखी जाएगी। वहीं गांव में अपराधमुक्त वातावरण बनाने का प्रयास किया जाएगा।
-ओमप्रकाश, पुलिस अधीक्षक, सिरोही