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14 नर्सिंगकर्मियों को हाईकोर्ट से मिली राहत

-मुख्यमंत्री नि:शुल्क दवा योजना में 2013 में इन कर्मियों को नर्सिंग कर्मियों को दी थी नियुक्ति
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श्री गंगानगर

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vikas meel

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Updated: 6 Mar 2018, 8:11 PM IST

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-मुख्यमंत्री नि:शुल्क दवा योजना में 2013 में इन कर्मियों को नर्सिंग कर्मियों को दी थी नियुक्ति

श्रीगंगानगर.

मुख्यमंत्री नि:शुल्क दवा एवं जांच योजना में पांच साल पहले नियुक्त 14 नर्सिंगकर्मियों को हाईकोर्ट से राहत मिल गई है। मंगलवार को 11 नर्सिंग कर्मियों ने राजकीय जिला चिकित्सालय में ज्वाइन कर लिया। इन कार्मिकों में से तीन कार्मिक बाहर होने की वजह से ज्वाइन नहीं कर पाए। नर्सिंगकर्मियों ने जिला चिकित्सालय की प्रमुख चिकित्सा अधिकारी डॉ. सुनीता सरदाना और उप-नियंत्रक डॉ. प्रेम बजाज को हाईकोर्ट के आदेश की कॉपी दी और फिर ज्वाइन किया। । इस मामले में नर्सिंगकर्मियों ने चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के निदेशक, आरएमआरएस अध्यक्ष व जिला कलक्टर और सचिव व पीएमओ डॉ. सुनीता सरदाना को पार्टी बनाया है। हाईकोर्ट ने कर्मियों को ज्वाइन करवाने और चार सप्ताह में जवाब-तलब किया है।


गौरतलब है कि जिला चिकित्सालय ने संविदा पर लंबे समय से काम कर रहे जीएनएम कश्मीर सिंह, बाबू लाल, जगवीर सिंह, मैनपाल, नंद किशोर, भूपेंद्र कुमार, देवेंद्र कुमार, विनोद शर्मा, मनोज कुमार, राकेश बिश्नोई, भीमसैन गोदारा, जैफी ग्रेड मक्कड़, सोनिया व किरणपाल कौर की सेवाएं एक मार्च को समाप्त कर दी थीं। । भीमसैन गोदारा, राकेश बिश्नोई व बाबूलाल बाहर होने की वजह से ज्वाइन नहीं कर पाए।

मौखिक आदेश पर था हटाया

चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग ने मुख्यमंत्री नि:शुल्क जांच योजना में पांच साल पहले संविदा पर काम कर रहे 14 जीएनएम (नर्स ग्रेड द्वितीय) की एक मार्च से मौखिक आदेश पर सेवा समाप्त कर दी थीं। मुख्यमंत्री नि:शुल्क जांच योजना में पांच साल पहले तत्कालीन जिला कलक्टर के आदेश पर इनकी नियुक्ति तत्कालीन पीएमओ डॉ. एसके पाटनी ने की थी।

ज्वाइन करवाया

मुख्यमंत्री नि:शुल्क दवा योजना में 14 नर्सिंग कर्मियों को हाईकोर्ट से राहत मिल गई है। इस कारण मंगलवार को इनको ज्वाइन करवाया है। चार सप्ताह बाद हाईकोर्ट को जवाब देना है।

डॉ. सुनीता सरदाना, पीएमओ, जिला चिकित्सालय, श्रीगंगानगर।

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