
हनुमानगढ़.
उपभोक्ता मंच ने जारी पट्टे का एक माह में बिना कोई अतिरिक्त शुल्क लिए नवीनीकरण कर और पट्टा पंजीयन के लिए पत्र जारी कर पट्टा सहित परिवादी को सुपुर्द करने के आदेश दिए हैं। साथ ही मानसिक व परिवाद व्यय के 31 सौ रुपए देने के आदेश दिए हैं। उक्त आदेश की पालना नगरपरिषद को एक माह में करनी होगी। इस संबंध में मंच के अध्यक्ष अमरचंद सिंघल व सदस्य संजीव दाधीच ने परिवादी के हक में फैसला सुनाकर राहत दी है।
गौरतलब है कि इस संबंध में परिवादी ने उपभोक्ता मंच में वाद दायर किया था। इसके बाद मंच ने फैसला सुनाते हुए आदेश दिए हैं। परिवाद के अनुसार त्रिलोकचंद पुत्र गुलजारी लाल अग्रवाल निवासी सेक्टर नंबर तीन हनुमानगढ़ टाउन ने नगरपरिषद हनुमानगढ़ के खिलाफ उपभोक्ता मंच में वाद दायर किया था। प्रकरण के मुताबिक न्यू सन सिटी द्वितीय कॉलोनी चक नंबर 15 एचएमएच पट्टा नंबर 141/273, किला नंबर 5,6,15,16 व 25 में से भूखंड संख्या 235 216.66 वर्ग गज का पट्टा जारी करवाने के लिए नगरपरिषद कार्यालय में आवदेन किया था।
परिवादी ने आवश्यक समस्त दस्तावेज सहित अन्य औपचारिकता पूरी की थी। साथ ही 22 जुलाई 2015 को पट्टा जारी करने के लिए स्टाम्प पेश कर दिया गया था। परिवादी के उक्त भूखंड का पट्टा 31 जून 2015 को जारी करते हुए उपपंजीयक हनुमानगढ़ से पंजीयन कराने के लिए पत्र नगपरिषद की ओर से दो दिसंबर 2015 को जारी कर आठ जनवरी 2016 को दिया गया।
साथ ही भूखंड का पट्टा जारी करवाने के लिए बाह्य शुल्क 30333 रुपए नियमन शुल्क 21449 रुपए, लीज राशि 17160 रुपए कुल 68 हजार 942 रुपए जमा करवाए थे। इसके बाद परिवादी जब पट्टा लेने गया तो बताया कि पट्टा के पंजीयन की अवधि पट्टा जारी करने की दिनांक से चार माह की है। तथा पट्टा पंजीयन नहीं किया जा सकता। परिवादी के बार-बार संपर्क करने पर भी पट्टा जारी नहीं किया गया। इस पर परिवादी ने सेवा में कमी मानते हुए वाद दायर कर दिया।
Published on:
5 Mar 2018, 12:11 PM IST
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