
FIR
सूरजपुर. नौकरी लगवाने के नाम पर चार लाख की ठगी करने के एक मामले में तात्कालीन अपर कलेक्टर के विरूद्ध पुलिस ने अपराध दर्ज किया है। ज्ञात हो कि यहां पदस्थ अपर कलक्टर एमएल घृतलहरे के विरूद्ध पिछले दिनों कुछ युवकों ने यह आरोप लगाया था कि नौकरी लगाने के नाम पर उन्होंने उनसे राशि ली है। इनमें से एक युवक ने मामले की शिकायत एसपी से की थी। एसपी के निर्देश पर अब सेवानिवृत्त हो चुके तात्कालीन अपर कलक्टर के खिलाफ जुर्म दर्ज किया गया है।
बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के ग्राम चाचीडांड़ निवासी युवक ओंकार पटेल वर्ष 2016 में नौकरी की तलाश कर रहा था। अप्रैल माह में उसने सूरजपुर में उच्च पद पर पदस्थ एक प्रशासनिक अधिकारी को 4 लाख रुपए दिए लेकिन वह ठगी का शिकार हो गया। इस मामले की शिकायत उसने सूरजपुर पुलिस अधीक्षक से की।
पुलिस अधीक्षक को दिए गए शिकायत पत्र में युवक ने आरोप लगाया था कि सूरजपुर जिले में पदस्थ रहे अपर कलक्टर ने अपने कार्यकाल के दौरान 14 अप्रैल 2016 को भृत्य पद पर नौकरी लगाने के नाम पर उससे करीब चार लाख रुपए लिए थे। इस पद पर नौकरी नहीं लगने के बाद वे उसे सहायक ग्रेड-3 तथा उसके बाद छात्रावास अधीक्षक के पद पर नौकरी लगाने का आश्वासन देते रहे।
जब इन दोनों पदों पर उसकी नौकरी नहीं लगी तो वह तात्कालीन अपर कलक्टर से अपने रुपयों की मांग करने लगा। इस पर पहले तो अधिकारी ने उसे टरकाने का प्रयास किया लेकिन जब युवक अड़ गया तो उन्होंने उसे दो-दो लाख के चेक दिए थे।
दोनों चेक हो गए थे बाउंस
युवक ने एसपी को दिए शिकायत में बताया कि जब उसने अपर कलक्टर द्वारा दिए गए चेक को बैंक में लगाया तो दोनों बाउंस हो गए। युवक की शिकायत व एसपी के निर्देश पर पुलिस ने सेवानिवृत्त अपर कलक्टर एमएल धृतलहरे के विरूद्ध धारा 420 का अपराध दर्ज किया है।
Published on:
27 Sep 2018, 4:53 PM IST
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