
पत्रिका पड़ताल : आखिर कहां बदले जा रहे हैं बंद हो चुके 500 व 1000 के नोट ?
दिनेश एम.त्रिवेदी
सूरत. नोटबंदी के चार साल बाद में सूरत व गोधरा से करीब सवा छह करोड़ रुपए के बंद हो चुके पांच सौ व एक हजार रुपए के नोटों की बरामदगी ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। देखा जाए तो पिछले चार सालों में गुजरात समेत देश के अलग-अलग हिस्सों से बडे पैमाने पर चलन में बाहर हो चुके नोट बरामद हो रहे हैं। इन नोटों की एक शहर से दूसरे शहर में हेराफेरी की घटनाएं भी लगातार सामने आ रहे हैं।
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लेकिन यह समझ में नहीं आ रहा कि आखिर इन नोटों के साथ हो क्या रहा हैं? कहां इन्हेें नए नोटों से बदला जा रहा हैं, जो इतने बड़े पैमाने पर इनकी हेराफेरी हो रही हैं? ‘पत्रिका’ ने इस संबंध में पुलिस अधिकारियों, वित्तीय जांच एजेन्सियों और जानकार लोगों से बात कर जानने की कोशिस की। पुलिस व जांच एजेन्सियों का कहना हैं कि फिलहाल इन्हें बदलने का कोई वैध तरीका नहीं हैं और अवैध तरिके से बदलने की कोई घटना या मामला सामने नहीं आया हैं।
वहीं जानकार बताते हैं भ्रष्टाचार रूपी कोढ़ से ग्रसित हमारे सिस्टम में कहीं कोई लूप फॉल्ट होगा। जिसके जरिए यह काम हो रहा हैं और शायद जांच एजेन्सियां वहां तक नहीं पहुंच पा रही हैं। यहां उल्लेखनीय हैं कि 8 नवम्बर 2016 को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने नोट बंदी की घोषणा की थी। 500 व 1000 रुपए के पुराने नोटों की वैधता खत्म कर दी गई थी।
इसके बाद देश भर में कई जगह 500 व 1000 रुपए नोट कचरे और नहर-नालों में बहाने के फोटो वीडियो सामने आए थे। लेकिन उसके बाद पिछले चार वर्षो में बड़े पैमाने पर इन नोटों की बरामदगी व हेराफेरी से जुड़े कई मामलें सामने आ रहे हैं। दिल्ली एनसीआर, मुबंई, बैंग्लुरू, हैदराबाद, अहमदाबाद समेत अन्य बड़े शहरों में ऐसे सैकड़ों मामले सामने आ चुके हैं।
सूरत में सामने आए पांच बड़े मामले
गुजरात की आर्थिक राजधानी सूरत में बंद हो चुके इन नोटों की बरामदगी के शायद सबसे अधिक मामले सामने आए है। पांच बड़े मामलों का जिक्र करे तो दिसम्बर 2017 में डीआरआई ने भरुच जिले के निकट पनोली जीआइडीसी की एक दुकान से 50 करोड़ के पुराने नोट जब्त किए थे।
इस मामले में बिल्डिंग मटीरीयल के तीन कारोबारियों को भी पकड़ा था। अगस्त 2018 में खटोदरा थाना पुलिस ने वेसू वीआईपी रोड पर एक कार से 3.36 करोड़ के नोट जब्त कर तीन जनों को पकड़ा था।
दिसम्बर 2018 में रांदेर थाना पुलिस को कोजवे रोड पर लग्जरी कार से 3.85 करोड़ के नोट मिले थे। पुलिस ने चालक को हिरासत में लिया था। मई 2019 में सरथाणा थाना पुलिस ने सणिया हेमद रोड पर एक कार से 5.18 करोड़ के नोट जब्त कर पांच जनों को पकड़ा था। इसी तरह अगस्त 2019 में पुणागाम थाना पुलिस ने एक मुंबई से आ रही बस में सवार एक युवक से 99.97 लाख रुपए के नोट बरामद किए थे।
बदले तो नहीं जाते, धोखाधड़ी जरुर होती हैं
सूरत स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप पुलिस के अधिकारी टीआर चौधरी बताते हैं कि नोट बंदी के बाद कुछ समय तक नेपाल के रास्ते इन्हें बदलने की कोशिस को लेकर हेराफेरी होती थी। लेकिन फिलहाल इन्हें बदलने कोई वैध रास्ता नहीं है।
कमीशन पर नोट बदलने का दावा कर लेनदेन करने के मामले तो सामने आए हैं लेकिन अभी तक ऐसा कोई मामला सामने नहीं आया हैं जिसमें नोट बदले गए हो। कुछ मामलों मेंं बदलने के बहाने पुराने नोट लेकर धोखाधड़ी जरुर हुई हैं।
वहीं डिरेक्टरेट ऑफ रेवेन्यु इंटेलिजेंस (डीआरआई) के अधिकारी मधुर सिंह का भी यहीं कहना हैं कि हमारे संज्ञान में भी बंद हो चुके नोट बदलने का कोई मामला नहीं आया है। पनोली में जो 50 करोड़ की खेप मिली थी वह इसी उम्मीद में जमा की गई थी कि शायद इन्हें कहीं बदला जा सके। अन्य पुलिस अधिकारी व वित्तिय जांच एजेन्सियों के अधिकारी भी यही मानते हैं।
लूप फॉल्ट या भविष्य में बदलने की उम्मीद मात्र?
जानकार बताते हैं कि जिस तरह से मामले सामने आ रहे हैं। इसके चलते सिस्टम में कहीं लूप फॉल्ट होने से आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता है। जहां चोरी-छिपे इन नोटों को बदला जा रहा हो और जांच एजेन्सियां वहां तक पहुंच नहीं पाई हो।
हमारे देश में फैला भ्रष्टाचार किसी से छिपा नहीं है। शायद इसी लिए कमीशन पर बंद हो चुके नोट बदलने की बातें सामने आ रही हैं। कहा जाता हैं कि लूप फॉल्ट में 40-50 फीसदी में नोट बदले जाते है। लेकिन कमीशन के नेटवर्क के चलते धारक को मात्र 10-15 फीसदी ही मिलता हैं। हलांकि इसका कोई प्रमाण सामने नहीं आया है।
यू ट्युब व सोशल मीडिया नेटवर्क पर भी एंटीक के बहाने बंद हो चुके 500 व 1000 के नोट लेने वाले सक्रीय हैं। वे उनके बदले नए नोट देने का दावा करते हैं। सीधे बात करने के बदले कमेंट बॉक्स में अपना नम्बर छोडऩे के लिए कहते हैं ताकि आप उन तक न पहुंचे लेकिन वे आप तक पहुंच जाए।
वहीं कुछ जानकार यह भी कहते हैं कि कुछ लोग बंद हो चुके नोटों का संग्रहरण इस उम्मीद में कर रहे हैं कि शायद उन्हें नोट बदलने का मौका मिलेगा। उन्हें उम्मीद हैं कि सरकार बदलने पर ऐसा होगा।
FOR MORE NEWS BY :- दिनेश एम.त्रिवेदी
Published on:
01 Aug 2020 12:48 pm
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