
Muddy water suffocating on the village road, the problem is not being solved
टीकमगढ़/दिगौड़ा .केंद्र और प्रदेश सरकार ने भले ही स्वच्छता मिशन अभियान चलाया हो। लेकिन दिगौड़ा ग्राम पंचायत के वार्ड १३ और १४ में स्वच्छता की कोई भी टीम नहीं पहुुंची है। वहां की दुर्गंध और मोहल्ले की दशा को देखकर ऐसा लगता हे कि सारे गटर का स्थान इसी जगह को बनाया हो। स्वच्छता के नियम और कायदे तस्वीरों में दिखाई दे रहे है।
जतारा जनपद पंचायत की ग्राम पंचायत दिगौड़ा के घुसयाना वार्ड १३ और १४ के हालात बद से बदत्तर हो गए है। मोहल्ल की सड़क ने दलदल और तालाब का रूप ले लिया है। लोग महीनों से गंदे रूपी पानी में से निकल रहे है। यहां के हालातों की सच्चाई तस्वीरों में दिखाई दे रही है। जिसे न तो कोई झूठला सकता है और न ही इसे कोई मिटा सकता है। रहवासियों द्वारा गंदे पानी की निकासी के लिए एक बार नहीं दर्जनों बार संबंधित सभी जिम्मेदारां को लिखित शिकायतें कर चुके है।
कीटाणुओं से प्रतिदिन हों रहे शिकार
घुसयाना मोहल्ला निवासी भरोसे यादव, पूरन लाल यादव, कल्याण यादव, तिलक घोष, संतोष घोष, भागचंद्र घोष, गोविंद दास यादवए, राम यादव, चतुर्भुज घोष, सोनू यादव, दीपक यादव, चिंखन यादव ने बताया कि दूसरे मोहल्ला के साथ घरों से निकलने वाला गंदा पानी मुख्य सड़क पर एकत्रित हो रहा है। इसके साथ ही ग्राम पंचायत द्वारा मिट्टी मुरम भी डाली गई। उसके बाद तो सड़क दलदल में तब्दील हो गई। इस सड़क से बच्चों के साथ राहगीरों का आना जाना बना रहता है। कई बार तो तालाब बनी सड़क में तैर गए है। इस गंदगी से विभिन्न प्रकार के कीटाणुओं के साथ ही बीमारियां उत्पन्न होने की आशंका भी सता रही है।
Published on:
30 Jul 2020 05:00 am
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