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कम उम्र में दीक्षा लेने वाली शिवानी का जवाब सुन हर कोई चौंक गया

दीक्षा समारोह आज
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उदयपुर

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pankaj vaishnav

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Updated: 5 Nov 2022, 1:39 AM IST

कम उम्र में दीक्षा लेने वाली शिवानी का जवाब सुन हर कोई चौंक गया

कम उम्र में दीक्षा लेने वाली शिवानी का जवाब सुन हर कोई चौंक गया

आचार्य रामेश के सान्निध्य में हिरणमगरी सेक्टर-4 चातुर्मास में शनिवार को दीक्षा महोत्सव होगा। मुमुक्षु शिवानी की दीक्षा से पहले शुक्रवार को वरघोड़ा निकला गया। इस मौके पर आयोजित सभा में मुमुक्षु शिवानी ने कहा कि सभी मुझे कहते थे कि उम्र अभी कम है, इतनी जल्दी दीक्षा मत लो और मैं कहती हूं, दीक्षा मार्ग पर आने में मैंने बहुत देर कर दी। शनिवार को मुंडन, महानिष्क्रमण यात्रा, प्रवचन और सविधि दीक्षा समारोह होगा।

प्रवचन के बाद केसर छंटाई व ओघा बंधाई का आयोजन हुआ। अभिनन्दन समारोह में महिलाओं ने स्वागत गीत प्रस्तुत किए। मुमुक्षु ने कहा कि उदयपुर में मेरा कल नया जन्म होने जा रहा है, मैं संयम उदयपुर में ग्रहण करने जा रही हूं। मुमुक्षु शिवानी के परिवार का अभिनन्दन किया गया। मुमुक्षु शिवानी जी का साधुमार्गी जैन संघ की राष्ट्रीय संघ, साधुमार्गी जैन संघ उदयपुर व सेक्टर 4 जैन श्रावक संस्थान की ओर से भी अभिनन्दन किया गया।

आचार्य रामेश ने कहा कि सेवा करने वाली की प्रंशसा होनी चाहिऐ। जन्मो जन्मो तक सेवा करने वाले का तिरस्कार करना आपको शोभा नहीं देता। सेवा मूल्यांकन होना चाहिऐ अवमूल्यन नहीं। हम क्रोध के वश मे है या क्रोध हमारे वश मे है। सरलता नहीं है तो धर्म मे आनन्द नही आएगा। मान अपमान मे फर्क ना आए , आऐ तो ज्यादा साधना की आवश्यकता है। हमारी द्ष्टी उपर के आकार लावण्य से आकर्षित होता हे परन्तु शरीर के भितर का द्रश्य शायद देख कर हम सिहर जाएं। जिस तरह मुमुक्षु शिवानी को वैराग्य जागा वह तरंग हमारे भितर भी जाग्रत होनी चाहिए। आचार्य रामेश ने कहा की नशा हमारे जिवन को तबाह कर देता हे वह चंद समय का मजा नहीं तबाही है। सभा मे पुलकित गुलगुलिया ने 114 व दीपक मोगरा ने 26 उपवास की प्रतिज्ञा ग्रहण किया।

परिचय

नाम: मुमुक्षु शिवानी भण्डारी

जन्म: 15 जून 1998

जन्म स्थान: लोहावट राजस्थान

व्यवहारिक शिक्षा: एमए

दीक्षा प्रदाता: आचार्य रामेशवैराग्य काल: लगभग 3 वर्ष

पदयात्रा: लगभग 300 किमी