उन्होंने इस बात की मांग की कि पोलिंग एजेंट को कमरे में ही जगह दी जाए। ईवीएम मशीन की गोपनीयता पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि आज मशीन से जानकारी मिल जाती है कि किस बूथ पर किसको कितने वोट मिले हैं। जबकि बैलेट पेपर से यह जानकारी नहीं मिल पाती है कि कितने वोट कहां किस जन प्रतिनिधि को मिला है। जिससे जन प्रतिनिधि के मन में किसी प्रकार का भेदभाव नहीं आता है। अन्नू टंडन ने कहा कि मेरे वोट देने के अधिकार से वंचित रहने पर किसी छोटे कर्मचारी पर कार्यवाही ना कर सिस्टम को ठीक किया जाए। सिस्टम को ठीक करने के लिए उनका संघर्ष जारी रहेगा। प्रेस वार्ता के दौरान जिला अध्यक्ष सूर्य नारायण यादव, प्रदेश महासचिव वीर प्रताप सिंह, प्रवक्ता जिला कांग्रेस कमेटी अजय श्रीवास्तव, अवधेश सिंह, शहर अध्यक्ष अमित शुक्ला आदि मौजूद थे।