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पुलिसकर्मियों को याद आने लगी बहन, जब सीओ ने खुद बांधी राखी

रक्षा बंधन का पर्व बन गया यादगार, ड्यूटी करने के साथ त्योहार मनाने का मिल गया मौका
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वाराणसी

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Devesh Singh

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Updated: 26 Aug 2018, 2:02 PM IST

Dashashmandh CO Sneha Tiwari

Dashashmandh CO Sneha Tiwari

वाराणसी. आम लोगों के लिए पर्व का मतलब परिजनों के साथ खुशिया मनाना होता है। त्योहार के दिन सभी लोग शांति के साथ अपने परिजनों के साथ समय बीताना चाहते हैं यह तभी संभव होता है जब शांति व्यवस्था कायम रहे। इसकी जिम्मेदारी पुलिसकर्मियों की होती है जो कठिन परिस्थितियों में भी मेहनत करके व्यवस्था को संभालते हैं। ड्यूटी के चलते पुलिसकर्मियों को परिजनों के साथ पर्व मनाना संभव नहीं हो पाता है। रविवार को रक्षा बंधन के दिन सीओ दशाश्वमेध स्नेहा तिवारी ने ऐसी मिसाल पेश की है जो दूसरों के लिए नजीर बन गयी है। सीओ ने अधीनस्थ पुलिसकर्मियों को जब रखी बांधी तो उन्हें अपनी बहन याद आ गयी।
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दशाश्वमेध सीओ स्नेहा तिवारी ने विधि विधान से पुलिसकर्मियों को राखी बांधी और मिठाई खिली। अपने अधिकारी को बड़ी बहन के रुप में देख कर पहले तो पुलिसकर्मियों को विश्वास नहीं हुआ। लेकिन जब सुनी पड़ी कलाई में राखी बांधी तो कहा कि मैडम ने तो परिजनों की कमी को पूरा कर दिया। राखी बंधवाने के बाद पुलिसकर्मी बेहद खुश नजर आये। उन्हें एक बार फिर महसूस हुआ कि यह परिवार भी मेरा अपना परिवार है। सीओ स्नेहा तिवारी ने पुलिसकर्मियों के लिए रक्षा बंधन को यादगार बना दिया।
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IMAGE CREDIT: Patrika

होली पर भी लगाया था गुलाल
दशाश्वमेध सीओ स्नेहा तिवारी पहले भी ऐसी मिसाल पेश कर चुकी है। होली के दिन पुलिसकर्मियों को गुंलाल लगा कर उनके त्योहार को खास बना दिया था। सीओ की कार्यशैली की सभी जगहों पर जमकर तारीफ हो रही है। पुलिस अधिकारी जब अधीनस्थों का ऐसा सम्मान देता है तो अधीनस्थ भी उस अधिकारी को कभी भूल नहीं पाते हैं।

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