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जेल में हो रहा खेल, सपा के बाद सीएम योगी सरकार भी हुई फेल
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जेल में हो रहा खेल, सपा के बाद सीएम योगी सरकार भी हुई फेल

सिपाहियों के आरोप ने व्यवस्था पर उठाये सवाल, जानिए क्या है कहानी
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वाराणसी

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Devesh Singh

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Updated: 5 Feb 2018, 5:10 PM IST

वाराणसी. प्रदेश में भले ही सरकार बदल जाती है, लेकिन व्यवस्था में अधिक बदलाव नहीं होता है। जिला जेल की बात की जाये तो यह बात पूरी तरह लागू होती है। यूपी में अपराध व भ्रष्टाचार खत्म करने के नाम पर आयी सीएम योगी आदित्यनाथ सरकार भी जेल में हो रहे खेल को रोकने में फेल हो गयी है।
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यूपी में कानून व्यवस्था को ठीक करने के लिए पुलिस लगातार एनकाउंटर करने में जुटी है। एनकाउंटर में बदमाशों के साथ पुलिस को भी गोली खानी पड़ रही है। बदमाशों को पकडऩे के बाद जेल भेज दिया जाता है। सीएम योगी सरकार इसी बात से खुश है कि अपराधियों के जेल भेजने से अपराध खत्म हो जायेगा। यूपी सरकार की इस सोच को ही कुछ अधिकारी व सिपाही ही ठेंगा दिखा रहे हैं। पीएम नरेन्द्र मोदी के संसदीय क्षेत्र में ही जेल में हो रहे खेल पर रोक नहीं लग पायी है प्रदेश के अन्य जिलों की जेलों में क्या हो रहा होगा। यह समझना आसान है।
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अपराधियों के लिए सुरक्षित पनाहगाह बना जेल, जमकर कर रहे मोबाइल का प्रयोग कर रहे हैं। सपा सरकार के तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव भी इस खेल पर रोक लगाने में विफल हुए थे और अब सीएम योगी आदित्यनाथ सरकार का भी यही हाल है। बनारस की जिला जेल से पांच से अधिक मोबाइल बरामद हुए था। जेल के सिपाहियों ने खुद स्वीकार किया है कि जेल के अंदर उन्होंने १०० से अधिक मोबाइल लाकर दिये हैं इसके बाद भी जेल अधिकारी कार्रवाई नहीं करते हैं। जेल में मोबाइल मिलने से साफ हो जाता है कि अपराधी अब सलाखों के पीछे से ही अपने गैंग चला रहे हैं।
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आखिर कैसे जेल में पहुंच रहे मोबाइल
जेल में मोबाइल मिलता है और पुलिस में एफआईआर दर्ज करा दी जाती है। इस सवाल को कोई जवाब नहीं देता है कि आखिर किसके नाम से यह सिम व मोबाइल फोन था। जेल के अंदर ही भारी संख्या में मोबाइल व सिम छिपा कर रखे जाते हैं। अपराधियों से पैसा मिलने पर उन्हें सिम व मोबाइल दे दिया जाता है इसके बाद अपराधी इसी मोबाइल से वसूली में जुट जाते हैं। छापेमारी में मोबाइल पकड़ा भी जाता है तो संबंधित अपराधी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाता है, लेकिन अपराधियों को मोबाइल किसने दिया है इसकी जांच करके कभी कार्रवाई नहीं होती है। यूपी से अपराधियों को जेल भेज कर अपनी पीठ थपथपाने में जुटी सीएम योगी सरकार के लिए जेल की व्यवस्था सुधारना सबसे बड़ी चुनौती बन गयी है।
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