
Pc-Patrika
Varanasi Dalmandi Project: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की महत्वाकांक्षी परियोजनाओं में शामिल वाराणसी की दालमंडी सड़क चौड़ीकरण की कवायद तेज कर दी गई है। दालमंडी में मकान के ध्वस्तीकरण के बाद अब सड़क निर्माण का कार्य शुरू कर दिया गया है। शहर दक्षिणी से विधायक डॉ नीलकंठ तिवारी ने विधिवत पूजा पाठ करके दालमंडी में सड़क निर्माण के कार्य की औपचारिक रूप से शुरुआत कर दी है। जल्द ही दालमंडी की यह सड़क बनकर तैयार हो जाएगी और श्री काशी विश्वनाथ मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं को एक सुगम रास्ता उपलब्ध होगा।
पूर्वांचल की सबसे बड़ी थोक मंडी दालमंडी में सड़क निर्माण का कार्य अब शुरू कर दिया गया है। स्थानीय विधायक डॉ नीलकंठ तिवारी ने पूजा पाठ और भूमि पूजन कर सड़क निर्माण कार्य की शुरुआत की है। प्रोजेक्ट के अनुसार, दालमंडी की इस सड़क को मॉडल सड़क के रूप में विकसित किया जाना है और इसकी चौड़ाई 17.5 मीटर होगी। इस सड़क निर्माण का कार्य पीडब्ल्यूडी विभाग के जिम्मे सौंपा गया है। बताया जा रहा है कि अगले 3 महीने में यह सड़क बनाकर तैयार हो जाएगी और इसकी सौगात काशी वासियों को मिलेगी।
गौरतलब है कि श्री काशी विश्वनाथ मंदिर पहुंचने के लिए दालमंडी को चौड़ा करके एक सुगम रास्ता बनाया जा रहा है, ताकि यहां पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को बिना किसी ट्रैफिक में फंसे आराम से बाबा विश्वनाथ के दरबार पहुंचा जा सके। इस प्रोजेक्ट की जद में 181 भवन और 6 धार्मिक स्थल भी आए थे, जिनमें से 150 मकान को तोड़ा जा चुका है और बाकी पर कार्य चल रहा है। चौड़ीकरण की जद में आ रहे 6 मस्जिदों के उन हिस्सों को भी तोड़ दिया गया है।
दरअसल, 22 जुलाई 2025 में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की कैबिनेट में दालमंडी चौड़ीकरण प्रोजेक्ट को पेश किया गया था और इस पर मोहर लगी थी। कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद 23 जुलाई से दालमंडी में नापी की कार्रवाई शुरू की गई थी और इसके लिए 215.88 करोड़ रुपए का बजट भी मंजूर किया गया था। नई सड़क से चौक थाने तक निकलने वाली इस सड़क की लंबाई करीब 650 मीटर है। पीडब्ल्यूडी विभाग ने मकान की रजिस्ट्री के लिए चौक थाने के अंदर अपना एक कैंप कार्यालय भी खोला था, जहां पर लोग आसानी से अपने मकान की रजिस्ट्री कर रहे थे।
बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वाराणसी के अपने 51वें दौरे पर इस प्रोजेक्ट का शिलान्यास किया था। बताया जा रहा है कि यह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का ड्रीम प्रोजेक्ट है और राज्य सरकार की तरफ से इस प्रोजेक्ट के लिए 216 करोड़ रुपए की राशि आवंटित की गई है। इस प्रोजेक्ट के लिए कुल 187 भावनाओं को गिराया जाना है, जिनमें 6 धार्मिक स्थल भी शामिल हैं। वहीं, मकान मालिकों को मुआवजा के रूप में 191 करोड़ रुपए की राशि आवंटित की जाएगी।
श्री काशी विश्वनाथ धाम आने वाले श्रद्धालुओं के लिए दालमंडी के रास्ते को चौड़ा किया जा रहा है। 630 मीटर लंबी इस गली को तोड़कर 60 फुट का किया जाना है। इसमें 30 फुट की सड़क होगी, जबकि दोनों तरफ 15-15 फीट के पाथवे बनाए जाएंगे। यहां दर्शन करने आने वाले श्रद्धालुओं के लिए एक सुगम रास्ते को लेकर इस प्रोजेक्ट की नीव रखी गई है। अधिकारियों ने बताया है कि जैसे-जैसे भवन स्वामी अपने मकान की रजिस्ट्री कर रहे हैं, वैसे ही उन भावनों को तोड़ा जा रहा है।
Updated on:
09 Aug 2026 11:49 am
Published on:
09 Aug 2026 11:45 am
