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औचक निरीक्षण एक्सपोज: काउंटर पर 98 दवा कम, 44 चिकित्सक/कार्मिक नदारद
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औचक निरीक्षण एक्सपोज: काउंटर पर 98 दवा कम, 44 चिकित्सक/कार्मिक नदारद

कलक्टर ने कहा- यहां कोई मॉनिटरिंग नहीं, जेएलएन अस्पताल में निरीक्षण के दौरान कलक्टर ने जताई नाराजगी, कहा-दो दिन से नेट नहीं चल रहा तो ध्यान क्यों नहीं दिया, जिला अधिकारियों के साथ पहुंचे कलक्टर
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अजमेर

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Chandra Prakash Joshi

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Updated: 6 Dec 2019, 1:44 PM IST

अजमेर. जिला कलक्टर विश्व मोहन शर्मा ने कहा दवा स्टोर में कितनी दवाइयां अभी उपलब्ध है, कितनी दवाइयां नॉन अवलेबल (एनए) है तो ना तो प्रभारी चिकित्सक और ना फार्मासिस्ट जवाब दे पाए। बाद में बताया कि 98 दवाइयां एनए चल रही है। कलक्टर ने फिर पूछ लिया कि औषधि भण्डार में जब 676 दवाइयां हैं तो यहां कम क्यों है, इस पर फिर जिम्मेदार मौन हो गए। उन्होंने अधीक्षक से मुखातिब होकर कहा कि यहां कोई मॉनिटरिंग नहीं हो रही है। निरीक्षण के दौरान 44 चिकित्सक व कार्मिक अनुपस्थित मिले।

संभाग के सबसे बड़े जवाहर लाल नेहरू अस्पताल में शुक्रवार को सुबह जिला कलक्टर अन्य जिला अधिकारियों की टीम के साथ पहुंचे। उन्होंने अस्पताल के औषधि भण्डार, दवा काउंटरों में पहुंचकर मुख्यमंत्री नि:शुल्क दवा योजना की रिपोर्ट ली। उन्होंने पूछा औषधि भण्डार में कुल कितनी दवाइयां उपलब्ध है? इसके बाद तत्काल वे ओपीडी परिसर में दवा काउंटर नम्बर 2 पह पहुंचे और खुल ही दवा स्टोर में जाकर कम्प्यूटर के पास खड़े हो गए? प्रभारी चिकित्सक डॉ. रामस्वरूप हरसोलिया व भण्डार के फार्मासिस्ट अशोक देवड़ा से पूछा कितनी दवाइयां यहां उपलब्ध है तो दोनों जवाब नहीं दे पाए। फार्मासिस्ट से भी जवाब मांगा तो उसने भी अनभिज्ञता जाहिर कर दी। बाद में बताया कि 98 दवाइयां नॉन एवलेबल है। बाहर निकल कर अधीक्षक डॉ. अनिल जैन से कहा कि यहां कोई मॉनिटरिंग नहीं चल रही है।

कलक्टर का सख्त रवैया, हरकत में अस्पताल प्रशासन

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की वीडियो कॉन्फ्रेंस में दवा की उपलब्धता के बावजूद मरीजों को नहीं मिलने की शिकायत के बाद जिला कलक्टर से दूसरे दिन सुबह अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। सख्ती से आदेशों की पालना कराने के लिए उन्होंने अति. जिला कलक्टर सुरेश सिन्धी को रिपोर्ट तैयार करवा कर एक्शन लेने को कहा।

दो दिन से नेट खराब तो बीएसबीवाई की कैसै कर रहे हैं एंट्री

कलक्टर ने अस्पताल परिसर में भामाशाह स्वास्थ्य बीमा योजना की केबिन में पहुंचकर कार्मिकों से भामाशाह की स्थिति की जानकारी ली। इस पर कार्मिकों ने बताया कि नेट नहीं चल रहा है। कलक्टर ने कहा कि दो दिन से नेट खराब है तो एंट्री कैसे कर रहे हैं। उन्होंने कार्ड की एंट्री व मरीज के कार्ड को एक्टिवेट करने संबंधी प्रोसेस पूछा। उन्होंने कहा कि काउंटर के बाहर भामाशाह योजना के लाभार्थी की एंट्री, पर्ची बनाने, योजना का लाभ पहुंचाने संबंधी बोर्ड पर सूचना लिखने को कहा।

ये अधिकारी रहे मौजूद

मेडिकल कॉलेज के अति. प्रिंसीपल डॉ. एस.के. भास्कर, एडीएम सुरेश सिन्धी, निगम आयुक्त चिन्मयी गोपाल, सीएमएचओ डॉ. के.के. सोनी, एडिशनल सीएमएचओ डॉ. एस.के. जोधा, शिक्षा विभाग के सहायक निदेशक अजय गुप्ता सहित अन्य जिला अधिकारी मौजूद रहे।