
प्रतापगढ़. मंच पर खड़े होकर सीएम योगी आदित्यनाथ सरकारी योजनाओं के गुणगना करने में लगे थे जबकि भीड़ में खड़ी जनता हाथ में सौ-सौ के नोट लेकर लहरा रही थी। जनता चिल्ला कर कह रही थी कि विभागीय भ्रष्टाचार के चलते बिना पैसे दिये कोई काम नहीं होता है। पीएम आवास योजना के तहत घ चाहिए तो 20-20हजार रुपये रिश्चत देने होते हैं। सीएम योगी अपना भाषण देते रहे और भीड़ उनसे सच्चाई बयां करती रही। सीएम योगी ने जनता की अवाज नहीं सुन पाये हैं, लेकिन इतना तो साफ हो गया है कि यूपी सरकार में में अधिकारियों पर जो भ्रष्टाचार के आरोप लग रहे हैं उसमें बहुत सच्चाई है।
यह भी पढ़े:-जूना अखाड़ा से पहली बार दलित साधु बनेगा महामंडलेश्वर, अखाड़ा परिषद ने की घोषणा
सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रतापगढ़ का दौरा किया था यहां पर दलित दयाराम सरोज के आवास पर भोजन करने के बाद पंचायत भवन में रात्रि विश्राम किया था। इस दौरान सीएम योगी ने मधुपुर में चौपाल लगायी और गोदभराई व अन्नप्रासन की रस्म अदायगी की। सीएम योगी से कुछ लोग अपनी समस्या कहना चाहते थे लेकिन किसी ने उन्हें मौका नहीं दिया। इसके बाद मिले मंच से सीएम योगी ने यूपी सरकार की योजनाओं की जमकर तारीफ की। सीएम योगी ने बताया कि कैसे यूपी सरकार पीएम नरेन्द्र मोदी की आवास योजना को पूरा करने में जुटी हुई है। किसानों को फसल का भुगतान करने के साथ लोगों को रोजगार को साधन दिये जा रहे हैं। सीएम योगी मंच से गुणगान कर रहे थे और मंच के नीचे खड़ी जनता हाथ में सौ-सौ के नोट लेकर लहरा रही थी और चिल्ला रही थी कि बना विभाग को पैसे दिये कोई काम नहीं होता है। भीड़ की आवाज सीएम तक पहुंची है कि नहीं। यह कहना कठिन है लेकिन इतना तो साफ है कि सुभासपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने पहले विभागीय भ्रष्टाचार होने का दावा किया था इसके बाद भी जनता के अनुसार स्थिति में सुधार नहीं हो रहा है।
यह भी पढ़े:-सीएम योगी आदित्यनाथ ने दलित के घर जमीन पर बैठ कर किया भोजन, बीएसपी की बढ़ेगी परेशानी
रिपोर्ट-सुनील सोमवंशी