
वाराणसी. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के संसदीय क्षेत्र बनारस में नगर निगम समारोह में बीजेपी को झटका लगा है। बीजेपी की मेयर श्रीमती मृदुला जायसवाल ने पहले सभासद पद की शपथ ले ली थी बाद में गलती सुधारते हुए उन्हें मेयर पद की शपथ दिलायी गयी।
यह भी पढ़े:-बीजेपी मेयर ने संस्कृत में शपथ लेकर बदल दिया नगर निगम का इतिहास
बीजेपी की मेयर श्रीमती मृदुला जायसवाल ने संस्कृत भाषा में शपथ ली है। मेयर के दो बार शपथ लेने पर सारे लोग अचरज में पड़ गये। बाद में पता चला कि पहली बार गलती से सभासद पद की शपथ ली थी, जिसे ठीक करके मेयर पद की शपथ दिलायी गयी है। बीजेपी की मेयर श्रीमती मृदुला जायसवाल से जब इस बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि संस्कृत में शपथ ली थी। पहली बार शपथ लेते समय एक शब्द को लेकर त्रृटि हो गयी थी इसलिए दुसरी बार शपथ लेनी पड़ी है। श्रीमती जायसवाल ने कहा कि आप लोगों को खुश होना चाहिए कि मुझे फिर से शपथ लेने का मौका मिला।
यह भी पढ़े:-VDA की सबसे बड़ी कार्रवाई, होटल रमाडा पर चला बुलडोजर
शपथ ग्रहण समारोह शुरू होने से पहले भी लगा था झटका
पीएम नरेन्द्र मोदी के संसदीय क्षेत्र होने के चलते यहां के शपथ ग्रहण समारोह का विशेष ध्यान दिया गया था। डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्या व नगर विकास मंत्री सुरेश खन्ना को भी समारोह में आना था लेकिन दोनों नेताओं का कार्यक्रम स्थगित होने से बीजेपी को झटका लगा था। बड़े नेताओं के नहीं आने से शपथ ग्रहण समारोह में वह रौनक नहीं आ पायी, जो बड़ी जीत पर आनी चाहिए थी।
यह भी पढ़े:-बीजेपी की जिला पंचायत अध्यक्ष अपराजिता ने अपनी शादी में किया मेरे सइयां सुपरस्टार पर डांस, वीडियो वायरल
शपथ ग्रहण समारोह तक नहीं हो पाया बहुमत का जुगाड़
बीजेपी ने शपथ ग्रहण समारोह के पहले ही मिनी सदन में बहुमत जुटाने का दावा किया था, लेकिन शपथ ग्रहण समारोह तक बहुमत नहीं मिल पाया था। मिनी सदन में बहुमत के लिए बीजेपी को ४६ पार्षद का आंकड़ा छूना होगा,जबकि बीजेपी के पास इस समय ३७ पार्षद ही है।
यह भी पढ़े:-यूपी में है बीजेपी की सरकार, सपा इस माह होने वाले चुनाव में कैसे बचायेगी अपनी यह १० सीट