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गहनों से लदे किन्नरों ने मचाई धूम, आकर्षक रूप देखकर दंग रह गए लोग, मुख्य रास्तों पर लगा जाम

शहर के जिस मार्ग से यह यात्रा निकली फूलों की बारिश से उनका भव्य स्वागत किया गया, इस अवसर पर आकर्षक रूप से सजे हुए किन्नरों ने नाचते गाते धूम मचाते हुए इस आयोजन का लुत्फ लिया.
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विदिशा

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Subodh Kumar Tripathi

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Updated: 24 Dec 2021, 12:59 PM IST

गहनों से लदे किन्नरों ने मचाई धूम, आकर्षक रूप देखकर दंग रह गए लोग, मुख्य रास्तों पर लगा जाम

गहनों से लदे किन्नरों ने मचाई धूम, आकर्षक रूप देखकर दंग रह गए लोग, मुख्य रास्तों पर लगा जाम

विदिशा. देशभर से आए किन्नरों की कलश यात्रा जब मुख्य मार्ग से निकलने लगी, तो सोने के गहनों से लदे किन्नरों को देखकर लोग दंग रह गए, शहर के जिस मार्ग से यह यात्रा निकली फूलों की बारिश से उनका भव्य स्वागत किया गया, इस अवसर पर आकर्षक रूप से सजे हुए किन्नरों ने नाचते गाते धूम मचाते हुए इस आयोजन का लुत्फ लिया, उन्हें देखने के लिए लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जिसके कारण शहर के मुख्य मार्गों पर भी जाम लग गया था।

मंगलामुखी किन्नर समाज की गुरुवार को जब कलश यात्रा निकली तो सोने से लदे किन्नरों की मुख्य मार्गों पर धूम मच गई। पांच बग्गियों में सवार किन्नर नायकों में से सबसे ज्यादा नजर भोपाल के सुरैया नायक पर थी, जिनके सिर पर सोने का भव्य मुकुट, हाथों, गले में भारी जेवर सजे थे। इसके साथ ही अपने फैशन और अंदाज से सड़कों-चौराहों पर नृत्य करते किन्नरों को देखने ऐसा हुजूम उमड़ा की रास्ते जाम हो गए।

पुष्पवर्षा कर किया किन्नरों का स्वागत
जगह-जगह पुष्पवर्षा कर देश भर के किन्नरों की इस शोभायात्रा का स्वागत किया गया। माधवगंज से कलश यात्रा निकली और वहां भोलेनाथ का पूजन हुआ, इसके बाद शहर के मुख्य मार्र्गों से नाचते-गाते किन्नरों ने किड़ी वाले बाबा की दरगाह पर चादर चढ़ाई। हर किन्नर के मुंह से यही निकल रहा था कि हम सबकी खुशियों की दुआओं के लिए यहां आए हैं और दुआएं ही बांट रहे हैं।

मुख्य समारोह में उमड़े किन्नर
विनायक वैंक्यूट हॉल में चल रहे किन्नर सम्मेलन के तहत गुरुवार को मुख्य समारोह था। सभी किन्नर अपने-अपने अनूठे अंदाज और फैशन से सजे-धजे नाचते-गाते चल पड़े थे कागदीपुरा से नीमताल और पुराने अस्पताल होते हुए माधवगंज की ओर। पांच बग्गियों में किन्नर नायक सवार थे, जबकि अधिकांश अपनी मस्ती में नाचते-गाते चल रहे थे। सबसे पीछे लग्जरी कारों में भी कई बाहर के किन्नर साथ थे।

सुरैया बनीं आकर्षण का केंद्र
भोपाल की किन्नर नायक सुरैया अपने अंदाज से सबके आकर्षण का केंद्र बनीं। उनके सिर पर सोने का भव्य मुकुट देख लोगों की आंखें फटी रह गईं। हाथों में भारी कड़े, हर अंगुली में अंगूठी और गले में कई सारे भारी हार देखते ही बनते थे। उनके साथ बग्गी में भोपाल की ही बेबी रानी और देवी रानी किन्नर भी मौजूद थे।

शोभायात्रा में संत के वेष में शामिल किन्नर को देख सबको आश्चर्य हुआ। इस पर उन्होंने बताया कि वे जबलपुर से आईं अंतरराष्ट्रीय संत सुरक्षा बर्बरीक सेना की अखाड़ा परिषद अध्यक्ष किन्नर महामंडलेश्वर संतोषी माता हैं। उन्होंने अपने विजिटिंग कार्ड भी लोगों को दिए।

दिल्ली की सिमरन बोलीं- सबकी खुशी का सम्मेलन
दिल्ली से आईं किन्नर सिमरन ने बताया कि उनके साथ पांच किन्नर दिल्ली से आए हैं। वे बोलीं कि हम सम्मेलन और इस शोभायात्रा के जरिए लोगों को और उनके बच्चों को दुआएं बांटते हैं। यह खुशी बांटने का सम्मेलन है।