
Nepal Floods Viral Green House : (Photo ANI)
Nepal Floods Viral Green House : काठमांडू। सोशल मीडिया पर नेपाल की भीषण बाढ़ के बीच एक हरे रंग का घर पानी के तेज बहाव के सामने मजबूती से खड़ा नजर आया था। घर के आसपास बनी इमारतें बाढ़ के पानी में बहती और ढहती दिखाई दे रही थीं, जबकि यह घर तेज धार के बीच भी टिका रहा। दुनिया के लिए यह वीडियो महज एक हैरान कर देने वाला नजारा था, लेकिन उस मकान के भीतर खौफ से कांप रहे छह लोगों के लिए यह जिंदगी और मौत के बीच का वो फासला था, जिसे वे ताउम्र नहीं भूल पाएंगे। 26 अगस्त को नेपाल की त्रिशूली नदी में आई विनाशकारी बाढ़ में इस 'वायरल ग्रीन हाउस' में फंसी लक्ष्मी पांडे और उनके परिवार ने उस मंजर की दास्तां बयां की है, जो रोंगटे खड़े कर देने वाली है।
घटना वाले दिन को याद करते हुए लक्ष्मी पांडे ने ANI को बताया कि वह और उनके पति घर से करीब पांच मिनट की दूरी पर स्थित अपनी दुकान पर थे। जैसे ही बाढ़ का खतरा बढ़ा, दोनों अपनी सास और बेटी को बचाने के लिए घर की ओर दौड़े। लक्ष्मी ने बताया कि मैंने अपनी सासू मां से रोते हुए कहा कि मम्मी जी, बहुत भयानक बाढ़ आ रही है, सब छोड़कर तुरंत भागो, लेकिन उन्होंने कहा कि यहां ऐसा हादसा कभी नहीं हुआ, पानी हमारे घर तक नहीं आएगा। लेकिन ठीक उसी पल हमारी आंखों के सामने पुराना पुल टूट गया और पानी का सैलाब हमारी तरफ आ गया। मैंने कहा कि देखिए, पानी आ गया, अब हम भाग भी नहीं सकते।
भागने का रास्ता बंद होते ही लक्ष्मी, उनके पति, ससुर, बेटी और एक पड़ोसी सभी घर की पहली मंजिल की ओर भागे। पानी का बहाव इतना तेज था कि मकान ताश के पत्तों की तरह हिलने लगा। लक्ष्मी ने बताया कि ऐसा लग रहा था मानो 2015 का विनाशकारी भूकंप फिर से आ गया हो। दोनों तरफ से नदी का पानी सीधे मकान की दीवारों से टकरा रहा था और आसपास के घर ढह रहे थे।
परिवार का डर तब और बढ़ गया जब उनके पड़ोस का एक मकान बाढ़ के पानी में ढह गया। लक्ष्मी के मुताबिक, उस समय उन्हें लगा कि अब बचने की कोई संभावना नहीं है। लेकिन कुछ पड़ोसियों ने अपनी जान की परवाह किए बिना परिवार को बचाने का फैसला किया। चार-पांच लोग आगे आए और मुश्किल हालात के बीच सभी को घर से सुरक्षित निकालने में कामयाब रहे। लक्ष्मी ने कहा कि ये लोग उनके लिए भगवान के भेजे फरिश्तों की तरह थे।
उन्होंने कहा कि वे सभी खुद को बेहद भाग्यशाली मानते हैं और इसे भगवान की कृपा समझते हैं। लक्ष्मी के मुताबिक, जो लोग उन्हें बचाने आए, वे उनके लिए भगवान के रूप में सामने आए। उन्होंने कहा कि उनका परिवार अब भगवान का शुक्रिया अदा कर रहा है, क्योंकि उन्हें दूसरी जिंदगी मिली है। बाढ़ के दौरान घर में मौजूद सभी छह लोग सुरक्षित बच गए और किसी को चोट नहीं आई।
Updated on:
01 Sept 2026 06:48 pm
Published on:
01 Sept 2026 06:47 pm
