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Bandhan Bank Share Price 22nd July: पहली तिमाही में मुनाफा 35% बढ़ा, फिर भी 16% टूट गया शेयर, क्या है वजह?

Bandhan Bank Q1 Results: बन्धन बैंक का सालाना आधार पर नेट प्रॉफिट 35 फीसदी बढ़कर 502 करोड़ रुपये रहा, लेकिन इसके बावजूद बुधवार को बैंक का शेयर करीब 16 फीसदी टूट गया।
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भारत

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Gajanand Prajapat

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Updated: 22 Jul 2026, 1:22 PM IST

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बंधन बैंक के शेयर में गिरावट देखी जा रही है। (PC: AI)

Bandhan Bank Share Fall Today: भारतीय शेयर बाजार में बुधवार को बंधन बैंक के शेयर में 16 फीसदी की गिरावट देखने को मिली। बैंक ने मंगलवार को मार्केट बंद होने के बाद अप्रैल-जून तिमाही के नतीजे घोषित किए थे। नतीजों के मुताबिक कंपनी के नेट प्रॉफिट में साल दर साल आधार पर 35 फीसदी की ग्रोथ हुई है। लेकिन इस प्रॉफिट के बावजूद कंपनी ने अपने रिटर्न ऑन एसेट्स (RoA) के टार्गेट को घटाया है।

बंधन बैंक (Bandhan Bank Share Price)

शुरुआती कारोबार के दौरान बैंक के शेयर में भारी बिकवाली देखने को मिली। सुबह 11 बजकर 42 मिनट पर इसका शेयर 16.63 फीसदी या 34.72 रुपये की गिरावट के साथ 174.11 रुपये पर ट्रेड करता दिखा। बात करें कंपनी के रिटर्न की तो पिछले 1 हफ्ते में इसने -19.71 फीसदी, 1 महीने में -16.55 फीसदी और 1 साल में -3.92 फीसदी का रिटर्न दिया है।

क्या है शेयर में गिरावट की वजह?

सालाना आधार पर नेट प्रॉफिट में 35 फीसदी की बढ़ोतरी के बावजूद शेयर में गिरावट की वजह कंपनी द्वारा कमाई के टार्गेट को घटाना है। दरअसल कंपनी ने वित्त वर्ष 2027 के लिए रिटर्न ऑन एसेट्स (RoA) का टार्गेट घटाया है। ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल के मुताबिक बैंक ने वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता, डिपॉजिट पर बढ़ता कॉम्पिटिशन और बढ़ती लागत का हवाला देते हुए FY27 की चौथी तिमाही (Q4) तक RoA गाइडेंस को 1.6-1.8 फीसदी से घटाकर 1.2-1.4 फीसदी कर दिया है।

मुनाफा बढ़ा लेकिन ऑपरेटिंग परफॉर्मेंस कमजोर

बन्धन बैंक ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में 502 करोड़ रुपये का नेट प्रॉफिट दर्ज किया, जो पिछले साल की समान अवधि के 372 करोड़ रुपये से 35 फीसदी अधिक है। मुनाफे में बढ़ोतरी की मुख्य वजह प्रोविजन में सालाना आधार पर 41 फीसदी की कमी रही, जिससे यह 683 करोड़ रुपये हो गया। हालांकि, बैंक का ऑपरेटिंग प्रॉफिट करीब 19 फीसदी घटकर 1,358 करोड़ रुपये रह गया। मैनेजिंग डायरेक्टर पार्थ प्रतिम सेनगुप्ता ने कहा कि नई लेबर कॉस्ट और मिडिल ईस्ट संकट के बाद टेक कॉस्ट में 65 फीसदी की बढ़ोतरी के कारण खर्च में उछाल आया।

CLSA ने दी 'आउटपरफॉर्म' रेटिंग

ब्रोकरेज फर्म CLSA ने कहा कि बैंक के तिमाही नतीजे ठीक रहे, हालांकि प्रबंधन का भविष्य को लेकर नजरिया सतर्क है। CLSA ने बैंक के शेयर पर 'आउटपरफॉर्म' रेटिंग बरकरार रखी है और 235 रुपये का टारगेट प्राइस दिया है। यह मौजूदा स्तर से करीब 12.5 फीसदी की संभावित बढ़त का संकेत देता है।

साथ ही मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज के अनुसार, RoA का लक्ष्य घटाना निवेशकों के लिए सबसे बड़ा झटका साबित हुआ। वहीं, नोमुरा ने कहा कि बैंक का नेट प्रॉफिट उसके अनुमान से 8 फीसदी बेहतर रहा, लेकिन फंड जुटाने की बढ़ती लागत और टेक्नोलॉजी खर्च के कारण आगे का अनुमान कमजोर किया गया है।

(डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल सिर्फ जानकारी मात्र है। यह निवेश की सलाह नहीं है। शेयर मार्केट/म्यूचुअल फंड में निवेश जोखिम भरा होता है। कहीं भी पैसा लगाने से पहले अपने निवेश सलाहकार से परामर्श लें।)