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Ayushman Bharat Yojana गोल्डन कार्ड से 1450 बीमारियों का फ्री में इलाज, अपना नाम ऐसे दर्ज कराएं

-Ayushman Bharat Yojana दे रही आयुष्मान भवः का आशीर्वाद-जिले में अब तक 4672 लोग हो चुके लाभान्वित-बाईपास सर्जरी तक करा रहे हैं गरीब लाभार्थी
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आगरा

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Dhirendra yadav

Aug 03, 2019

आगरा। प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना आयुष्मान भारत गरीबों को आयुष्मान भवः का आशीर्वाद दे रही है। Ayushman Bharat Yojana का लाभ ले चुके लाभार्थी और उनके परिवार वाले योजना की तारीफ करते नहीं थक रहे। लोगों का कहना है कि सरकार की इस योजना की तरह चल रही अन्य योजनाओं को भी धरातल पर सही तरीके से अमल में लाया जाये तो काफी हद तक सुधार लाया जा सकता है। इस योजना के नोडल अधिकारी और अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय कपूर ने बताया कि आयुष्मान योजना के तहत जिले में 65 हजार गोल्डन कार्ड बन चुके हैं। अब तक जिले में योजना का लाभ 4672 लोग ले चुके है। उन्होंने बताया कि योजना में केवल वही परिवार लाभार्थी हैं, जिनका नाम 2011 के सामाजिक, आर्थिक एवं जातिगत जनगणना की ऑनलाइन सूची में शामिल है।

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जिला कार्यक्रम समन्वयक डॉ. आशीष ने बताया कि आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के बारे में लोगों को जागरुक करने के लिए अस्पतालों में वार्डों में स्पीकर लगाकर आरोग्य मित्रों द्वारा इलाज कराने आ रहे लोगों को योजना की पूरी जानकारी दी जा रही है। उन्होंने बताया कि एसएन मेडिकल कालेज के 12 वार्डों में स्पीकर लगाये गये है। उन्होंने बताया कि काफी मरीज ऐसे भी आते हैं, जिनका गोल्डेन कार्ड बना है पर वह योजना के बारे में नहीं जानते हैं, इसलिए यह व्यवस्था की गयी है। उन्होंने बताया कि जिले के 53 अस्पताल सूचीबद्ध हैं, जिनमें 49 प्राइवेट और 4 सरकारी अस्पताल शामिल है।

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टोल फ्री नम्बर पर संपर्क करें
उन्होंने बताया कि कोई भी व्यक्ति जो कि अपनी पात्रता सूची में जानना चाहता है, वह अपने राशन कार्ड और आधार कार्ड के द्वारा आयुष्मान मित्र के पास जाकर, टोल फ्री नंबर 14555 अथवा 1800-1800-4444 पर कॉल करके, मोबाइल पर एंड्राइड एप्लीकेशन पीएमजेएवाई पर योजना की आधिकारिक वेबसाइट www.pmjay.gov.in पर लॉग इन कर प्रधानमंत्री के पत्र, ग्रामीण क्षेत्रों के संबंधित प्राथमिक एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों में उपलब्ध कराई गई लाभार्थी परिवार सूची एवं प्लास्टिक कार्ड द्वारा पात्रता की जांच कर सकते हैं।

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1450 बीमारियों का होता है इलाज
डॉ. आशीष बताते है कि Ayushman Bharat Yojana के तहत हार्ट वाल्व रिपलेशमेन्ट, एन्जियोप्लास्टी, बाईपास सर्जरी, हिप रिपलेशमेन्ट, पेजमेकर इम्प्लान्ट, ब्रेन टयूमर, कार्निया रेपलेसमेन्ट, नाक, कान और गले से संबंधित बीमारी का इलाज होता है। उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत इलाज के लिए 1450 बीमारियों को शामिल किया गया है।

केस-1
एटा के जलेसर ब्लॉक के तकिया गांव के रहने वाले महेन्द्रपाल के 26 वर्षीय बेटे अजीत के कान में काफी समय से असहनीय दर्द हो रहा था। महेन्द्र ने अपने बेटे का हाथरस और फिरोजाबाद के कई अस्पतालों में इलाज कराया पर कोई फायदा नहीं हुआ। इलाज पर काफी पैसा लग चुका था। ऐसे में जब उनको आयुष्मान योजना के बारें में पता चला तो उन्होंने इस योजना से सम्बन्ध आगरा के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां उसकी जांच करने के बाद बीती 25 जुलाई को आपरेशन किया गया। अब अजीत के कान में दर्द भी कम हो गया है। पिता भी खुश है। जल्द ही उसको अस्पताल से छुट्टी मिल जायेगी।

केस-2
मथुरा से सटे अहमदपुर गांव के रहने वाले 49 वर्षीय वीरेन्द्र का Ayushman Bharat Yojana के तहत हाल ही में आगरा के एक निजी अस्पताल में बाईपास सर्जरी की गयी है। अब वीरेन्द्र पूरी तरह से स्वस्थ्य है। उनके आपरेशन में किसी प्रकार का पैसा नहीं खर्च हुआ है। उनके रिश्तेदार ने बताया कि जब इनको सीने में दर्द की शिकायत हुई थी तो उनके परिवार वालों ने अलीगढ़ में कई डाक्टरों को दिखाया पर सभी ने मना कर दिया। परिवार के लोग उन्हे सीधे आगरा ले आये और यहां के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां वीरेन्द्र की बाईपास सर्जरी की गयी। वीरेन्द्र के परिवार वाले योजना के तहत निःशुल्क इलाज पाकर काफी खुश हैं।

केस-3
आगरा के एक निजी अस्पताल में अपनी 55 वर्षीय मां के गाल ब्लेडर का आपरेशन कराने वाले उनके पुत्र विशाल राकेश बताते हैं कि किसी सरकारी योजना के तहत एक प्राइवेट हास्पिटल में एक मरीज को कितने अच्छे ढंग से उपचार मिल रहा है, यह काबिले तारीफ है। उन्होंने बताया कि उनकी मां को कई सालों से पेट में दर्
द की शिकायत रहती थी। कई डाक्टरों को दिखाया पर कुछ फायदा नहीं मिला। पर अब आपरेशन के बाद उनकी मां पूरी तरह से स्वस्थ है। उन्होंने कहा कि पहले उनको नहीं पता था कि योजना में एक भी पैसा नहीं लगता है।