आगरा। बड़ा ही दुखद दृश्य दिखा, एक बेटी की अर्थी उठ रही थी, तो दूसरी बेटी की डोली। फौजी पिता सदमें था, समझ नहीं आ रहा था, ये क्या हो गया। पिता बदहवास था, परिवारीजनों के आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे थे। बेटी का अंतिम संस्कार किया गया, उसके बाद छोटी बेटी को सादगी के साथ विदा किया गया।