30 अक्टूबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

एक साल से बैठे हैं खाली हाथ, नहीं कर पाए ये खास काम

शैक्षिक और प्रशासनिक मामलों के लिए दोनों बैठक बेहद अहम हैं।
less than 1 minute read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

अजमेर

•

image

raktim tiwari

•

Updated: 1 Jun 2019, 6:33 AM IST

mds univeristy ajmer

mds univeristy ajmer

अजमेर.

महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय के हालात लगातार बिगड़ रहे हैं। यहां 11 महीने से ना एकेडेमिक कौंसिल ना प्रबंध मंडल (बॉम) की बैठक हुई है। ऐसा तब है जबकि शैक्षिक और प्रशासनिक मामलों के लिए दोनों बैठक बेहद अहम हैं।

विश्वविद्यालय में संकायवार पाठ्यक्रम, परीक्षात्मक योजना, शिक्षक भर्ती के पैनल, परीक्षा संबंधित संशोधन, शोध और अन्य विषयों पर फैसलों के लिए एकेडेमिक कौंसिल की बैठक होती है। इसमें पारित निर्णयों को प्रबंध मंडल में रखा जाता है। बीते साल 7 जून को तत्कालीन कुलपति प्रो. विजय श्रीमाली की अध्यक्षता में एकेडेमिक कौंसिल की बैठक हुई थी। इसमें विभिन्न संकाय के डीन, विभागाध्यक्ष और सदस्य शामिल हुए थे। इसके बाद 30 जून को प्रबंध मंडल की बैठक हुई। इसमें भी कई अहम फैसले लिए गए। तबसे 11 महीने बीत चुके हैं, लेकिन दोनों बैठक नहीं पाई हैं।

कुलपति के बगैर बैठक मुश्किल

नियमानुसार एकेडेमिक कौंसिल और प्रबंध मंडल की बैठक कुलपति की अध्यक्षता में होती है। विश्वविद्यालय में 11 अक्टूबर 2018 से कुलपति प्रो. आर. पी. सिंह के कामकाज पर राजस्थान हाईकोट से रोक लगी हुई है। एक्ट के मुताबित कुलपति ही दोनों बैठक कराने के लिए अधिकृत हैं।

कौंसिल में केवल दो डीन..
एकेडेमिक कौंसिल में मौजूदा वक्त केवल दो डीन हैं। इनमें विज्ञान संकाय में प्रो. प्रवीण माथुर और सामाजिक विज्ञान में प्रो. शिवदयाल सिंह हैं। मैनेजमेंट, शिक्षा, वाणिज्य, कॉलेज शिक्षा, चित्रकला, विधि संकाय में डीन पद खाली हैं। कुलपति के बगैर नए डीन नियुक्त नहीं हो सकते हैं।