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कभी महासागर पर रखता था पैनी नजर, अब अजमेर में दिखेगी इसकी खूबी

वक्त के साथ बदलती तकनीक और कंपनी के कल-पुर्जों की अनुलपब्धता के चलते धीरे-धीरे नौसेना से हटा दिया गया।
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अजमेर

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raktim tiwari

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Updated: 2 May 2019, 7:44 AM IST

Rafale , Rahul and Amit Shah

c-harrier aircraft

अजमेर.

भारतीय नौसेना के समुद्री बेड़े में शामिल रहा सी-हैरियर एयरक्राफ्ट अब मेयो कॉलेज में दिखेगा। नौसेना ने मेयो को इसे उपहार में दिया है। नौसेनाध्यक्ष सुनील लाम्बा ने हाल में इसका लोकार्पण किया।

ब्रिटेन में निर्मित सी-हैरियर एयरक्राफ्ट भारतीय समुद्री बेड़े में वर्ष 1983 में शामिल किए गए थे। यह विमानवाही पोत आईएनएस विक्रांत और विराट पर तैनात थे। सी-हैरियर भारतीय समुद्री सीमाओं की रक्षा में अहम भूमिका निभा रहे थे। वक्त के साथ बदलती तकनीक और कंपनी के कल-पुर्जों की अनुलपब्धता के चलते सी-हैरियर को धीरे-धीरे नौसेना से हटा दिया गया। इनकी जगह अब नौसेना में मिग-29 विमान तैनात किए गए हैं। इनमें से एक सी-हैरियर को नौसेना ने मेयो कॉलेज को उपहार में दिया है। नौसेनाध्यक्ष एडमिरल सुनील लाम्बा ने इसका लोकार्पण किया।

पूर्व छात्र हैं मेयो के
लाम्बा साल 2017 में मेयो के वार्षिकोत्सव और पिछले साल 18 फरवरी को आए थे। उन्होंने मेयो में उन्होंने गणतंत्र दिवस परेड के लिए बनाए गए आईएनएस विक्रांत के मॉडल का अनावरण किया था। मालूम हो कि नौसेनाध्यक्ष लाम्बा मेयो कॉलेज के पूर्व छात्र रहे हैं। वे 1972-73 में यहां अध्ययन कर चुके हैं।

31 मई को खत्म होगा कार्यकाल
एडमिरल लाम्बा की नियुक्ति 31 मई 2016 को नौसेनाध्यक्ष पद पर हुई थी। उनका कार्यकाल 31 मई को समाप्त होगा। उनके स्थान पर मौजूदा वाइस एडमिरल कर्मबीर सिंह नौसेना की कमान संभालेंगे। वे फिलहाल नौसेना की ईस्टर्न कमांड के फ्लैग ऑफिसर कमांडिंग हैं।