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‘जहां से सब शुरू हुआ था, मैं वहीं वापस जाना चाहती थी’, प्रीति जिंटा ने शेयर की ‘बंटवारा 1947’ के लुक टेस्ट की फोटो

Preity Zinta Batwara 1947: बंटवारा 1947 की लीड एक्ट्रेस प्रीति जिंटा ने फिल्म की रिलीज से पहले शेयर की हामिदा के अपने रोल की एक फोटो करते हुए रूमी की कुछ पंक्तियां लिखी।
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Aug 14, 2026
Preity Zinta Batwara 1947 Look
प्रीति जिंटा ने शेयर की 'बंटवारा 1947' के लुक टेस्ट की फोटो। (फोटो सोर्स: instagram- realpz)

Preity Zinta Batwara 1947 Look: आज सिनेमाघरों में रिलीज 'बंटवारा 1947' से फिल्मों में वापसी कर रही एक्टेस प्रीति जिंटा ने गुरुवार को सोशल मीडिया पर फिल्म के किरदार हामिदा के लिए अपने लुक टेस्ट की एक फोटो शेयर की और लिखा कि वो वहां जाना चाहती थी जब ये सब शुरू हुआ था।

प्रीति जिंटा ने शेयर की 'बंटवारा 1947' के लुक टेस्ट की फोटो

प्रीति जिंटा ने अपने ऑफिशियल इंस्टाग्राम अकाउंट पर जो फोटो पोस्ट की, उसमें वो बॉर्डर वाली सिंपल साड़ी में बहुत ग्रेसफ़ुल लग रही थीं। उन्होंने साड़ी के पल्लू से अपना सिर भी ढका हुआ था। उनके वेवी बाल और सोने की चूड़ियाँ उनके सिंपल लेकिन आकर्षक लुक को और बढ़ा रहे थे।

फोटो के साथ, प्रीति ने सोशल मीडिया पर एक इमोशनल नोट भी शेयर किया, जिसमें उन्होंने लिखा, "'बंटवारा 1947' की रिलीज से ठीक पहले, मैं वहीं वापस जाना चाहती थी जहां से सब शुरू हुआ था। यह फोटो लुक टेस्ट के दौरान ली गई थी, जहां मैंने हामिदा की पहली झलक देखी और महसूस की।" अपने किरदार हामिदा के बारे में और बताते हुए उन्होंने कहा, "मेरे लिए हामिदा को रूमी के इन मशहूर शब्दों से बहुत अच्छे से समझाया जा सकता है - 'अगर आस-पास सब कुछ अंधेरा लगे, तो फिर से देखो, हो सकता है कि रोशनी तुम ही हो।' 14 अगस्त को 'बंटवारा 1947' के लिए आप सभी से आपके नजदीकी थिएटर में मिलूंगी ! टिंग!"

आठ साल के पर्दे पर वापसी कर रही हैं प्रीति

बता दें कि 'बंटवारा 1947' से प्रीति आठ साल के लंबे गैप के बाद बड़े पर्दे पर वापसी कर रही हैं। राजकुमार संतोषी के डायरेक्शन में बनी और आमिर खान प्रोडक्शंस के बैनर तले आमिर खान द्वारा प्रोड्यूस की गई इस फिल्म में सनी देओल लीड रोल में हैं, जबकि शबाना आज़मी, अली फजल और अभिमन्यु सिंह अहम भूमिकाओं में हैं।

1947 में भारत के बंटवारे के समय लाहौर की पृष्ठभूमि पर आधारित

कहा जा रहा है कि 'बंटवारा 1947' की कहानी असगर वजाहत के नाटक 'जिस लाहौर नई वेख्या, ओ जम्या ए नई' से प्रेरित है। यह एक मशहूर पंजाबी कहावत है, जिसका मतलब है - "लाहौर घूमना इतना जरूरी है कि अगर आप यहां नहीं आए, तो ऐसा है जैसे आपका जन्म ही नहीं हुआ हो।" बता दें कि मोस्ट अवेटेड बंटवारा 1947 आज सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है।

Updated on:
14 Aug 2026 08:32 am
Published on:
14 Aug 2026 08:32 am
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