
Dharmendra Pradhan Resignation: छत्तीसगढ़ के दुर्ग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को लेकर छत्तीसगढ़ के शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि धर्मेंद्र प्रधान को अपना इस्तीफा वापस ले लेना चाहिए। यादव ने कहा कि किसी एक अधिकारी या कर्मचारी की गलती के लिए सीधे मंत्री को जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं है। उनके अनुसार, मंत्री पूरे विभाग का नेतृत्व करते हैं और व्यक्तिगत स्तर पर हुई चूक के आधार पर इस्तीफा मांगना सही परंपरा नहीं है। उन्होंने विश्वास जताया कि धर्मेंद्र प्रधान अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा से कर रहे हैं।
गजेंद्र यादव ने कहा कि किसी भी विभाग में हजारों कर्मचारी कार्यरत होते हैं। ऐसे में यदि कोई कर्मचारी या अधिकारी गलती करता है, तो उसके लिए सीधे तौर पर मंत्री से इस्तीफा मांगना सही नहीं माना जा सकता। उन्होंने कहा कि कोई भी मंत्री यह नहीं चाहेगा कि उसके विभाग में पेपर लीक जैसी घटनाएं सामने आएं।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि पेपर लीक की घटनाएं दुर्भाग्यपूर्ण हैं और इनकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। हालांकि, केवल इस आधार पर किसी मंत्री को दोषी ठहराना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
गजेंद्र यादव ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के कार्यों की प्रशंसा करते हुए कहा कि उन्होंने शिक्षा क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण योगदान दिए हैं। विशेष रूप से नई शिक्षा नीति (NEP) को लागू करने में उनकी अहम भूमिका रही है।
उन्होंने कहा कि पुरानी मैकाले शिक्षा पद्धति में बदलाव लाकर देश की शिक्षा व्यवस्था को आधुनिक और रोजगारोन्मुखी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। नई शिक्षा नीति के माध्यम से शिक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार देखने को मिले हैं।
गजेंद्र यादव ने कहा कि धर्मेंद्र प्रधान को अपना इस्तीफा वापस ले लेना चाहिए और शिक्षा क्षेत्र में जारी सुधार कार्यों को आगे बढ़ाना चाहिए। उन्होंने विश्वास जताया कि केंद्र सरकार शिक्षा व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को लेकर गजेंद्र यादव के इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं। अब इस मुद्दे पर विभिन्न राजनीतिक दलों और नेताओं की प्रतिक्रियाओं पर भी नजर बनी हुई है।