
Swami Prasad Maurya Controversial Statement: भगवान श्रीराम और अयोध्या राम मंदिर पर स्वामी प्रसाद मौर्य द्वारा की गई विवादित टिप्पणी को लेकर उत्तर प्रदेश की राजनीति में बवाल थमने का नाम नहीं ले रहा है। अब कुशीनगर से भारतीय जनता पार्टी के विधायक विनय प्रकाश गोंड ने स्वामी प्रसाद मौर्य के बयानों पर तीखा पलटवार किया है। भाजपा विधायक ने मौर्य के विवादित बयान पर हमला बोलते हुए उन्हें मानसिक रूप से डिस्टर्ब तक बता दिया है।
भाजपा विधायक विनय प्रकाश गोंड ने मौर्य के बयानों को पूरी तरह से उनका मानसिक दिवालियापन करार दिया है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि, स्वामी प्रसाद मौर्य अपना खत्म होता राजनीतिक वजूद बचाने के लिए इस तरह की बयानबाजी कर रहे हैं। विधायक ने साफ शब्दों में कहा कि जो व्यक्ति अपनी राजनीति चमकाने के लिए सनातन धर्म और हिंदू देवी-देवताओं का खुलेआम अपमान कर सकता है उसे जनता कभी भी माफ नहीं करेगी।
राम मंदिर और भगवान राम पर की गई अमर्यादित टिप्पणी का कड़ा जवाब देते हुए भाजपा विधायक ने मौर्य के संस्कारों पर भी सवाल खड़े कर दिए। विनय प्रकाश गोंड ने कहा कि अगर स्वामी प्रसाद मौर्य भगवान को ही नहीं मानते हैं तो यह तय है कि, वह अपने माता-पिता को भी नहीं मानते होंगे। भाजपा विधायक का यह तीखा बयान अब सोशल मीडिया पर काफी तेजी से वायरल हो रहा है।
राम मंदिर में हुई कथित चोरी की घटना को लेकर स्वामी प्रसाद मौर्य ने एक विवादित बयान दिया था। उन्होंने तंज कसते हुए कहा था कि "जो भगवान राम अपने मंदिर की रक्षा नहीं कर सके, वह आपकी रक्षा क्या करेंगे?" लुटेरे मंदिर से करोड़ों रुपये सोना-चांदी लेकर आसानी से फरार हो गए लेकिन भगवान राम उन्हें कोई सजा नहीं दे पाए। अगर भगवान राम में सचमुच कोई अलौकिक ताकत होती तो चढ़ावा चुराते समय ही सारे लुटेरे वहीं जलकर भस्म हो गए होते। स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा कि अगर ऐसा होता तो वह भगवान की शक्ति को मान लेते लेकिन असलियत इसके बिल्कुल उलट है क्योंकि, इतना कुछ होने के बाद भी चोरों का बाल तक बांका नहीं हुआ है।
स्वामी प्रसाद मौर्य का विवादों से गहरा नाता रहा है। इससे पहले 29 अगस्त, 2023 को उन्होंने यह कहकर सनसनी फैला दी थी कि हिंदू नाम का कोई धर्म नहीं है और यह सिर्फ एक धोखा है। इतना ही नहीं उन्होंने ब्राह्मणों की उत्पत्ति को लेकर भी विवादित टिप्पणी की थी। मौर्य ने सवाल उठाया था कि कहा जाता है ब्राह्मण ब्रह्मा के मुख से पैदा हुए हैं लेकिन क्या आज तक किसी ने किसी इंसान को मुंह से पैदा होते देखा है। इसके अलावा वह पवित्र ग्रंथ 'रामचरितमानस' पर भी प्रतिबंध लगाने की मांग कर चुके हैं जिसके बाद यूपी की सियासत में भारी हंगामा खड़ा हो गया था।