राज ने शिवसेना ( Shivsena ) का एनसीपी ( NCP ) और कांग्रेस ( Congress ) साथ मिलकर सरकार बनाने को जनता के साथ धोखा ( betrayal ) करार दिया है। राज ने कहा कि शिवसेना और भाजपा दोनों ने जन भावना ( Public sentiment ) का अपमान किया है। मनसे प्रमुख ने कहा कि पार्टी छोड़कर जाने वालों को चुनाव में मतदाताओं ने सबक सिखाया है। लोग महाविकास अघाडी सरकार से नाखुश ( Unhappy ) हैं।
पुणे. महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना प्रमुख राज ठाकरे ने शिवसेना के राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी और कांग्रेस के साथ गठबंधन कर सरकार बनाने पर पहली बार प्रतिक्रिया देते हुए नाराजगी जाहिर की है। इस साल अक्टूबर में हुए विधानसभा चुनाव में चारों खाने चित हुए राज ने अपने भाई उद्धव ठाकरे पर जमकर निशाना साधा है। एक निजी एजेंसी के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार राज ने शिवसेना का एनसीपी और कांग्रेस साथ मिलकर सरकार बनाने को जनता के साथ धोखा करार दिया है। राज ने कहा कि शिवसेना और भाजपा दोनों ने जन भावना का अपमान किया है।
मनसे प्रमुख ने कहा कि पार्टी छोड़कर जाने वालों को चुनाव में मतदाताओं ने सबक सिखाया है। लोग महाविकास अघाडी सरकार से नाखुश हैं। जानकारी में हो कि 28 नवंबर को शिवसेना पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे ने मुंबई के शिवाजी मैदान में महाराष्ट्र के नए मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी। शिवसेना ने कांग्रेस और एनसीपी के साथ मिलकर महा विकास अघाडी बनाकर न्यूनतम साझा कार्यक्रम के आधार पर सरकार चलाने का फैसला किया था।
इस विधानसभा चुनाव में राज की पार्टी मनसे का सिर्फ एक सदस्य विधानसभा में चुनकर आया है। इससे पहले 24 अक्टूबर को आए महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के नतीजों में किसी भी दल या पार्टी को अकेले सरकार बनाने लायक सीटें नहीं आई थी। भाजपा 105 सीटों के साथ सबसे बड़ी दल बनकर उभरी थी। वहीं तब की उसकी सहयोगी रही शिवसेना को 54 सीटें जीत मिली थी। एनसीपी के खाते में 56 सीटें जबकि कांग्रेस 44 सीटें हासिल कर चौथे स्थान पर रही थी।