
CG Crime: चार दिन से गायब डेंगरापार के यशवंत कुमार नेताम (24) का शव खेरूद के तांदुला नदी में रेत में दबा मिला। पुलिस जांच में मामला हत्या का निकला। तीन दोस्तों ने मिलकर लाठी, डंडे से मारपीट कर गला दबाकर हत्या कर दी। बताया जा रहा है कि यशवंत ने शराब के नशे में गाली-गलौज किया, जो दोस्तों को रास नहीं आया। उन्होंने घटना को अंजाम दे दिया।
एडिशनल एसपी मोनिका ठाकुर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि गुंडरदेही थाना अंतर्गत ग्राम सिकोसा शराब दुकान के पास तीन दोस्त ने मिलकर अपने ही दोस्त के साथ विवाद किया। विवाद इतना बढ़ा कि तीनों ने मिलकर खेरूद तांदुला नदी के पास लाठी, डंडे से मारपीट की और गला दबाकर मार डाला। घटना 6 अप्रैल की है। तीनों आरोपी मनीष ठाकुर 21 साल निवासी कोटगांव, साहिल कुमार 19 साल निवासी डेंगरापार, इमन कंवर 21 साल निवासी डेंगरापार शामिल है।
परिजनों ने लिखाई थी युवक की गुमशुदगी रिपोर्ट
पुलिस के मुताबिक यशवंत के पिता ने 8 अप्रैल को गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसके बाद मामले की जांच की गई। जांच में दोस्तों पर संदेह के आधार पर पूछताछ के लिए बुलाया। पूछताछ के बाद मनीष ठाकुर ने अपराध स्वीकार कर मामले का खुलासा कर दिया। बड़ी बात यह है कि गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराने तीनों दोस्त भी थाने गए थे।
मौके से शव को बरामद किया गया
एसपी एआर भगत ने एक टीम बनाई। एडिशनल एसपी अशोक जोशी, एसडीओपी गुंडरदेही राजेश बागडे़, थाना प्रभारी मनीष शेंडे व गुंडरदेही तहसीलदार के समक्ष आरोपियों के बताए स्थान पर खुदाई करवाई गई। पॉलीथिन में लिपटा शव बरामद किया गया। परिवार ने शव की पहचान यशवंत नेताम के रूप में की। धारा 103(1), 238, 3(5) बीएनएस कायम कर विवेचना में लिया गया। शव को पोस्टमार्टम कराने सीएचसी गुंडरदेही भेजा गया। आरोपी मनीष ठाकुर, ईमान कंवर, साहिल कंवर से उपयोग किए पत्थर, खून लगा डंडे का टुकड़ा, मोटर साइकिल के कांच टूटा आईना आदि जब्त किया।
मृतक की जींस, मृतक का मोबाइल जब्त किया गया। तीनों को गिरतार कर कोर्ट में पेश किया गया। कार्रवाई में सहायक उप निरिक्षक खेमलाल ठाकुर, आत्माराम धनेलिया, प्रधान आरक्षक योगेश सिन्हा और विकास साहू, आरक्षक सुमित पटेल, आर यशवंत देशमुख, आरक्षक सत्यप्रकाश यादव का योगदान रहा।
पैर दिखा तो शव तो बदला स्थान
उन्होंने बताया कि आरोपियों ने किसी को इस घटना की जानकारी न हो, इसलिए अपने दोस्त को तांदुला नदी की रेत में दबा दिया। 6 अप्रैल को रात में रेत में दबाया। 7 अप्रैल को तीनों ने दफनाए जगह पर जाकर देखा तो पैर दिख रहा था और बदबू उठ रही थी। 8 अप्रैल को तीनो ने झिल्ली खरीदी। रात में शव को झिल्ली में लपेटकर दूसरीे जगह रेत में ही दबा दिया था।
इस तरह की गई युवक की हत्या
पूछताछ में ईमान कंवर और साहिल कंवर से पूछने पर सिकोसा शराब दुकान में शराब पीने और लडाई झगड़ा होने पर उसे छोड़कर वापस आने की जानकारी दी। दोनों ने बताया कि यशवंत नेताम नशे में गाली गलौज कर लड़ाई झगड़ा करने लगा। उसे दुकान के पास छोड़कर अन्य साथी मनीष ठाकुर निवासी कोटगांव को शराब पीने के लिए सिकोसा ले गए। तीनों ने यशवंत को तांदुला नदी के मध्य निर्माणाधीन पुलिया के आगे 500 मीटर की दूरी पर गला दबाकर, पत्थर, शीशी व आईना के कांच के टुकड़े से हत्या की।
शव को छुपाने के लिए नदी के रेत दफना दिया। 8 अप्रैल को कोटगांव के बड़े किराना दुकान से काले रंग की पॉलीथिन खरीदकर यशवंत नेताम के शव को पुन: बाहर निकाल कर पॉलीथीन में लपेटकर कर वही पास दूसरी जगह रेत में दफना दिया।
Updated on:
11 Apr 2025 02:31 pm
Published on:
11 Apr 2025 02:30 pm
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