
अक्टूबर से शहर में दौड़ेंगी इलेक्ट्रिक बसें
बेंगलूरु. केंद्र सरकार से 14 करोड़ रुपए का अनुदान मिलने के बादबेंगलूरु महानगर परिवहन निगम (बीएमटीसी) ने एक बार फिर इलेक्ट्रिक बसें चलाने के प्रयास तेज कर दिए हैं। बीएमटीसी ने अक्टूबर के पहले सप्ताह में इलेक्ट्रिक बसें चलने का फैसला किया है। हैदराबाद की गोल्ड स्टोन कंपनी ठेके पर 80 वातानूकूलित (एसी) और सामान्य इलेक्ट्रिक बसें उपलब्ध करवाएगी।
बीएमटीसी ने सफेद और नीले रंग की बसें आपूर्ति करने का अनरोध किया है। केन्द्र सरकार ने एसी बस के लिए एक करोड़ और नॉन एसी बस के लिए 73 लाख रुपए की सब्सिडी देने का फैसला किया है। बीएमटीसी को 60 एसी और 20 गैर एसी बसें मिलेंगी। पहले केंद्र सरकार ने ठेके पर बसें लेने के लिए सब्सिडी देने से इनकार कर दिया था। लेकिन बीएमटीसी केंद्र सरकार की गलतफहमी दूर कर सब्सिडी लेने में सफल रहा।
बीएमटीसी 500 इलेक्ट्रिक बसें ठेके पर लेने की तैयारी में है। इसमें निगम को कोई निवेश नहीं करना होगा और किसी से सब्सिडी भी नहीं लेनी होगी। टेंडर निकाला जा रहा है, इसे भरने वाली कंपनियां ही बसें उपलब्ध कराएंगी। अधिक बसें चलेंगी तो हर किलोमीटर पर आठ से दस रुपए का लाभ होगा। बीएमटीसी और गोल्ड स्टोन कंपनी के साथ संयुक्त साझीदारी में बसों को प्राप्त करने की शर्त पर केन्द्र सरकार सब्सिडी दे रही है।
केंद्र सरकार ने 74.60 करोड़ रुपए में से 14 करोड़ रुपए की सब्सिडी जारी की है। बीएमटीसी यह राशि कंपनी को देगा। इसके लिए बैंक गारंटी ली जा रही है। 10 साल के ठेके पर बसों की आपूर्ति अगले तीन माह में होगी। एचएसआर लेआउट, और इलेक्ट्रॉनिक सिटी के सूर्य नगर डिपो में चार्जिंग इकाई स्थापित की जाएंगी। इसके अलावा केंपेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (केआइए) में चार्जिंग के लिए अनुमति देने का अनुरोध किया गया है। केआइएएल ने भी इसकी मंजूरी देने पर सहमति जताई है। चार्जिंग इकाइयों का खर्च बीएमटीसी बर्दाश्त करेगा।
गोल्ड स्टोन कंपनी किलोमीटर के हिसाब से बसें चलाएगी। हर बस 200 किलो मीटर तक चलेगी। बीएमटीसी एसी बस के लिए प्रति किलोमीटर 37.45 रुपए और नॉन एसी बस के लिए 24.03 शुल्क भुगतान करेगा। कंपनी के ही चालकों को नियुक्ति होगी। बीएमटीसी बिजली का खर्च उठाएगा। बीएमटीसी ने 150 बसें ठेके पर लेने के लिए निविदाएं आमंत्रित की हैं।
Published on:
10 Aug 2018 08:45 pm
