
Worm outbreak on soybean crop due to low rainfall in barwani
लाखों हेक्टेयर में खड़ी फसलों को नुकसान की आशंका
कलबुर्गी. एक ओर जहां भारी बारिश से राज्य के कावेरी नदी के बहाव क्षेत्र वाले कई जिलों में बाढ़ जैसे हालत हैं, दूसरी ओर उत्तर और हैदराबाद कर्नाटक क्षेत्र को अब भी अच्छी बारिश का इंतजार है। कलबुर्गी जिले में किए गए एक अध्ययन के मुताबिक इस क्षेत्र में तत्काल अच्छी बारिश की जरूरत है क्योंकि ज्यादातर जिलों में औसत से कम बारिश हुई है। उत्तर कर्नाटक के 13 जिलों में औसत से कम बारिश हुई लेकिन किसानों को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में अच्छी बारिश होगी।
उपायुक्त आर. वेंकटेश कुमार ने शनिवार को कहा, जुलाई महीने में सामान्य बारिश 152 मिमी होनी चाहिए लेकिन जिले में मात्र 70 मिमी बारिश हुई है जो औसत से 54 फीसदी कम है। इसी प्रकार अगस्त महीने में पहले दस दिनों में 37 मिमी बारिश होनी थी लेकिन मात्र 7 मिमी बारिश हुई है जो औसत से 82 प्रतिशत कम है। हालांकि जून में औसत से सात प्रतिशत ज्यादा बारिश हुई थी।
उन्होंने कहा कि अच्छी बारिश नहीं होने से मिट्टी की नमी कम हो गई जिससे तूर की फसल प्रभावित हो सकती है। इसी प्रकार सब्जियों की पैदावर प्रभावित न हो इसके लिए जरूरी है कि अगले दस दिनों में जोरदार बारिश हो। उन्होंने कहा कि आने वाले दिनों में क्षेत्र में होने वाली बारिश के आधार पर तूर की फसल का मुआयना किया जाएगा क्योंकि कलबुर्गी जिले में 4.40 लाख हेक्टेयर भूमि पर तूर की बुआई हुई है।
अधिकारियों का कहना है कि मिट्टी में नमी न होने के कारण अन्य फसलों जैसे सोयाबीन, तिल और उड़द की फसल भी बुरी तरह प्रभावित है। जिले में इस बार खरीफ फसलों की बुआई का 96 फीसदी लक्ष्य पूरा हुआ है। जिले में कुल 6.73 लाख हेक्टेयर भूमि पर बुआई का लक्ष्य रखा गया था जिसमें 6.46 लाख हेक्टेयर भूमि पर बुआई पूरी हो चुकी है।
Published on:
12 Aug 2018 06:27 pm
