29 अक्टूबर 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

गांव में शराब की दुकान के खिलाफ ग्रामीणों का प्रदर्शन

उग्र आंदोलन करने की चेतावनी दी
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

बैंगलोर

•

image

Ram Naresh Gautam

•

Updated: 28 Aug 2018, 7:42 PM IST

jainism

गांव में शराब की दुकान के खिलाफ ग्रामीणों का प्रदर्शन

बेलगावी. शराब की दुकानें खोलने के खिलाफ जनता का विरोध बढ़ता ही जा रहा है। प्रदेश में ऐसे विरोध प्रदर्शनों का सिलसिला भी जारी है।
बेलगावी जिले के संतिबस्तवाड़ गांव में शराब की दुकान बंद करने की मांग को लेकर ग्रामीणों व ग्राम पंचायत के सदस्यों ने सोमवार को उपायुक्त कार्यालय के बाहर विरोध-प्रदर्शन किया। एक कंपनी ने हाल ही गांव में शराब की दुकान खोली है।

ग्रामीणों ने उपायुक्त को सौंपे ज्ञापन में बताया कि उनका गांव विश्वेश्वरय्या तकनीकी विश्वविद्यालय के काफी नजदीक है। यहां गिरिजाघार, मस्जिद और मुरारजी आवासीय विद्यालय है। ज्ञापन में कहा गया है कि अक्सर युवक शराब पीकर खाली बोतलें इन पूजा स्थलों के नजदीक और विद्यालय परिसर के ही पास फेंक देते हैं। इससे बड़ी सामाजिक समस्या उत्पन्न हो गई है और इस पर नियंत्रण करना बेहद जरूरी है। ज्ञापन में जिला प्रशासन से कंपनी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने, शराब की दुकान तुरंत बंद करने या अन्यत्र स्थानांतरित करने की मांग की गई है। ग्रामीणों ने मांगें नहीं माने जाने पर उग्र आंदोलन करने की चेतावनी दी है।


मादक पदार्थ बेचने वालों को मिले कड़ी सजा
बेंगलूरु. पुलिस आयुक्त टी.सुनील कुमार ने कहा कि मादक पदार्थ बेचने वालों को कड़ी सजा देने की जरूरत है। उन्होंने सोमवार को पश्चिम संभाग पुलिस के जरिए मादर्क पदार्थ से होने वाले दुष्परिणाम की जानकारी देने के उद्देश्य से आयोजित मैराथन में भाग लिया। उन्होंने कहा कि बेंगलूरु के सरकारी व निजी कॉलेजों के पास एक साल से अधिक कीमत में मादक पदार्थ बेचे जाने की वारदत हो रही थीं।

उन्होंने कहा कि इसकी रोकथाम के लिए केंद्रीय अपराध जांच शाखा (सीसीबी) के मादक पदार्थ विभाग के कर्मचारियों, होयसला, चीता और पिंक पुलिस की गश्त बढ़ा दी गई है। उन्होंने कहा कि मादक पदार्थ बेचने के आरोप में आभी तक 38 से अधिक विदेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया। अवैध रूप से रह रहे विदशी नागरिकों का पता लगा कर उनमें 28 लोगों को विदेश भेजा गया है। उन्होंने कहा कि अभी तक 50 से अधिक बांग्लादशी नागरिकों को गिरफ्तार किया गया है।

उन्हें वापस भेजने के लिए विदेश मंत्रालय से सहयोग मांगा गया है। पश्चिम संभाग पुलिस के जरिए फ्रीडम पार्क से आनंद राव सर्कल तक मैराथन की गई। जिसमें कन्नड़ फिल्मों की अभिनेत्री शर्मिला मान्ड्रे, अभिनेता दिगंत, और अधिक संख्या में युवाओं, छात्रों और बच्चों ने भी भाग लिया।