
एसीबी गिरफ्त में रीडर और होमगार्ड चालक
राजस्थान में भ्रष्टाचार के खिलाफ एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) की कार्रवाई लगातार जारी है, जिसके तहत बांसवाड़ा जिले में एक बड़ा मामला सामने आया है। एसीबी मुख्यालय के निर्देश पर बांसवाड़ा की एसीबी इकाई ने एक ट्रैप कार्रवाई करते हुए अतिरिक्त न्यायिक मजिस्ट्रेट के चालक (होमगार्ड) को परिवादी से 40,000 रुपये की रिश्वत राशि लेते हुए रंगे हाथ दबोच लिया। इस पूरी रिश्वतखोरी के खेल में मुख्य भूमिका होने के कारण मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (CJM) न्यायालय के लिपिक ग्रेड प्रथम (रीडर) को भी गिरफ्तार कर लिया गया है।
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के महानिदेशक पुलिस गोविंद गुप्ता ने इस कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया कि एसीबी बांसवाड़ा को एक शिकायत प्राप्त हुई थी। शिकायत में बताया गया था कि परिवादिया को जमानत मिलने के बाद उसकी जमानत खारिज न कराने, विचाराधीन मुकदमे में सजा न दिलवाने और मामले में आगे सहायता प्रदान करने की एवज में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय के रीडर संदीप कुमार नानावटी द्वारा दलाल राहुल चंदेल के जरिए रिश्वत की मांग की जा रही थी।
प्राप्त शिकायत के आधार पर एसीबी की टीम ने नियमों के तहत 11 अक्टूबर 2026 को रिश्वत की मांग का सत्यापन करवाया था। सत्यापन की प्रक्रिया के दौरान यह पूरी तरह स्पष्ट हो गया कि आरोपी लिपिक संदीप कुमार नानावटी और उसका दलाल राहुल चंदेल परिवादी तथा सहपरिवादी से 40,000 रुपये की रिश्वत मांग रहे हैं। इतना ही नहीं, जांच में यह भी सामने आया कि आरोपियों ने इससे पहले खर्चे-पानी के नाम पर परिवादिया से 2,000 रुपये पहले ही प्राप्त कर लिए थे ।
एसीबी उदयपुर रेंज के प्रभारी पुलिस अधीक्षक पीयूष दीक्षित के सुपरविजन में बांसवाड़ा एसीबी इकाई के पुलिस उप अधीक्षक रतन सिंह राजपुरोहित के नेतृत्व में एक विशेष ट्रेप दल का गठन किया गया। पूर्व निर्धारित योजना के अनुसार एसीबी की टीम ने बांसवाड़ा में कार्रवाई को अंजाम दिया।
कार्रवाई के दौरान दलाल एवं होमगार्ड चालक राहुल चंदेल ने मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट न्यायालय के रीडर संदीप कुमार नानावटी के इशारे पर परिवादी से 40,000 रुपये की नकदी अपने हाथों से ली, जिसे एसीबी की टीम ने तुरंत दबोच लिया । इसके बाद मामले में संलिप्तता और मुख्य भूमिका पाए जाने पर लिपिक संदीप कुमार नानावटी को भी हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर लिया गया ।
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की अतिरिक्त महानिदेशक पुलिस स्मिता श्रीवास्तव और महानिरीक्षक पुलिस एस. परिमला के मार्गदर्शन में दोनों आरोपियों से गहन पूछताछ की जा रही है। इसके साथ ही, पकड़े गए दोनों आरोपियों संदीप कुमार नानावटी और राहुल चंदेल के निवास स्थानों पर भी एसीबी की टीमों द्वारा तलाशी की कार्रवाई जारी है। एसीबी द्वारा इस मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर आगे की कानूनी जांच शुरू कर दी गई है।
एसीबी ने आम जनता से अपील की है कि यदि किसी भी व्यक्ति के विरुद्ध एसीबी में कोई प्रकरण या प्राथमिक जांच दर्ज है, तो वे सीधे एसीबी से संपर्क कर अपना पक्ष या स्पष्टीकरण प्रस्तुत कर सकते हैं। स्पष्टीकरण के विस्तृत विश्लेषण के बाद ही अनुसंधान में निर्णय लिया जाना एसीबी की कार्यप्रणाली का हिस्सा है, जिससे किसी भी व्यक्ति को धोखाधड़ी या दलालों के चंगुल से बचाया जा सके। भ्रष्टाचार के खिलाफ इस जंग में मदद के लिए एसीबी के टोल फ्री नंबर 1064 और व्हाट्सएप हेल्पलाइन नंबर 94135-02834 पर चौबीसों घंटे संपर्क किया जा सकता है।
Updated on:
12 Oct 2026 02:44 pm
Published on:
12 Oct 2026 02:44 pm
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