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त्रयोदशी पर जसोल में मेले सा माहौल, लगी कतारें, गूंजे जयकारे

माजीसा मंदिर में शीश नवा मांगी मन्नतें
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बाड़मेर

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Dileep Kumar Dave

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Updated: 2 Nov 2017, 7:59 PM IST

बालोतरा. जसोल स्थित माता राणी भटियाणी मंदिर में शृंगारित प्रतिमा।

बालोतरा. जसोल स्थित माता राणी भटियाणी मंदिर में शृंगारित प्रतिमा।

बालोतरा.
कार्तिक शुक्ल त्रयोदशी को जसोल स्थित माता राणी भटियाणी मंदिर में श्रद्धा का सैलाब उमड़़ा। मां के दर्शन, पूजन करने के लिए प्रदेश व क्षेत्र के कोने-कोने से हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। उन्होंने मां के दरबार में शीश झुका परिवार व क्षेत्र में खुशहाली की कामना की। दिन भर श्रद्धालुओं की आवाजाही से मेला सा माहौल नजर आया।

धार्मिक रूप से कार्तिक मास का बड़ा महत्व होने पर शुक्ल पक्ष शुरूआत से माता राणी भटियाणी मंदिर में श्रद्धालुओं के पहुंचने का जो सिलसिला शुरू हुआ था, वह अनवरत जारी है। अब तक हजारों श्रद्धालु मां के दरबार में धोक देकर मन्नतें मांग चुके हैं। दूर-दूर से श्रद्धालुओं व पैदल जत्थों के पहुंचने का क्रम जारी है। त्रयोदशी दर्शन का बड़ा महत्व होने पर गुरुवार को प्रदेश व क्षेत्र भर से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। काफी तादाद में श्रद्धालु अल सुबह मां के जयकारे लगाते व भजन गाते हुए पैदल जत्थों के रूप में मंदिर पहुंचे। गुरुवार को माता राणी भटियाणी की प्रतिमा का विशेष पूजन कर आकर्षक शृंंगार किया गया। दिन निकलने के बाद रेलगाडिय़ों, बसों व निजी साधनों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। इससे मंदिर परिसर खचाखच भर गया। मंदिर से प्रवेश मार्ग तक लंबी कतारें नजर आई। श्रद्धालुओं ने मां के दरबार में शीश नवा, चुंदड़ी, कुंकुंम, श्रीफल, मांजीसा का बागा चढ़ा कर परिवार व प्रदेश में सुख समृद्धि की कामना की। जयकारे लगाते व भजन गाते हुए मंदिर की परिक्रमा लगाई। इससे पूरे दिन माहौल धर्ममय बना रहा। परिसर में स्थित बायोसा, लालसिंह, सवाईसिंह के मंदिरों में दर्शन पूजन कर व प्रसाद चढ़ा परिवार में खुशहाली की कामना की। मंदिर ट्रस्ट की ओर से श्रद्धालुओं के लिए छाया, पानी, चिकित्सा व सुरक्षा के व्यापक बंदोबस्त किए गए।
दो दिन तक तक रहेगी रेलमपेल- जसोल मंदिर में आगामी दो दिनों तक यह रेलमपेल और रहेगी। गौरतलब है कि शुक्ल पक्ष में यहां दर्शनार्थ लोगों की आवाजाही रहती है। हर दिन सैकड़ों की तादाद में श्रद्धालु यहां दर्शनार्थ आते हैं।