
Atar Singh Bhadana News : वैर. गांव भौंडा में अस्थायी अतिक्रमण हटाते हुए जेसीबी मशीन। फोटो पत्रिका
Bharatpur News : भरतपुर जिले के वैर थाने के गांव भौंडा में सरकारी स्कूल के रास्ते व सरकारी जमीनों पर बने निर्माण को तोड़ने की कार्रवाई की जाएगी। भौंडा गांव के पास स्थित लीज पर पूर्व विधायक अतरसिंह भड़ाना की हमले में मौत के बाद अचानक यह निर्णय लिया गया है। इससे गांव में भी हलचल तेज हो गई है। वैर एसडीएम के निर्देश पर टीम ने ऐसे अतिक्रमणों को चिन्हित कर लाल निशान भी लगाए हैं। बताते हैं कि वर्षों से कुछ ग्रामीणों ने स्कूल के रास्ते व चारागाह की भूमि पर अतिक्रमण कर निर्माण कर लिए थे। पूर्व में भी ग्रामीणों को निर्देशित किया गया था।
ज्ञात रहे कि गांव भौंडा में घरों में सिर्फ महिलाएं व बच्चे ही हैं। बाकी पुरुष पुलिस की गिरफ्तारी के डर से दूसरे गांवों में रिश्तेदारों के यहां छिपे हुए हैं। पुलिस टीम दो दिन से नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है, लेकिन कोई सफलता हाथ नहीं लग सकी है।
जानकारी के अनुसार गांव भौंडा में स्थित शहीद कुंवर सिंह राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय के रास्ते में ग्रामीणों की ओर से अतिक्रमण किए हुए हैं, जो कि सरकारी जमीन पर है। अब उन सभी ग्रामीणों के निर्माण पर लाल निशान लगाए गए हैं। रास्ते में अतिक्रमण वाले छह निर्माण है। पहले उन्हें नोटिस दिए जाएंगे।
भौंडा में सुनवाई में अगर संबंधित ग्रामीण पट्टा समेत अन्य दस्तावेज लेकर आते हैं और वे सही निकलते हैं तो कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। अगर दस्तावेज नहीं मिलते हैं उन्हें नियमों के तहत तोड़ने की कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा चारागाह, सरकारी जमीन पर अन्य अतिक्रमण हैं तो उन्हें भी नोटिस देने के बाद विधिक प्रक्रिया अपनाते हुए प्रशासन की ओर से कार्रवाई की जाएगी।
भरतपुर जिले के गांव भौंडा में पूर्व विधायक की हत्या के बाद का वीडियो सामने आया है। जिसमें वारदात के बाद जयकारे लगाते हुए ग्रामीण लीज से बाहर निकले।देखें वीडियो
प्रशासन की टीम ने मंगलवार को गांव भौंडा में एक दर्जन से अधिक अस्थायी अतिक्रमण भी हटाए हैं। इसमें फुटपाथ व रास्ते की जमीन पर जो अस्थायी अतिक्रमण किए गए थे, उन सभी को हटाया गया है। हालांकि स्थायी अतिक्रमण विधिक प्रक्रिया के बाद भी हटाए जाएंगे।
जानकारों ने बताया कि पुलिस टीम 2 दिन में 50 से भी अधिक स्थानों पर दबिश दे चुकी हैं, लेकिन मुख्य आरोपियों का कोई सुराग नहीं मिल पाया है। ऐसे में पुलिस ने प्रशासन के माध्यम से यह योजना बनाई है। ताकि संबंधित आरोपी भय से बाहर निकल सकें और उन्हें गिरफ्तार किया जा सके। यह भी बताया जा रहा है कि कुछ आरोपी गांव में ही छिपे हुए हैं और उन्होंने महिला परिजनों को आगे कर दिया है। पुलिस जब गांव में दबिश देने जाती है तो महिलाएं सामने आ जाती है।
Updated on:
13 Oct 2026 08:18 pm
Published on:
13 Oct 2026 07:28 pm
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