
विशिष्ट न्यायालय (भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम) ने लेने के आरोप में खेमाणा पंचायत (रायपुर) के सरपंच को सुनाई सजा
भीलवाड़ा।
विशिष्ट न्यायालय (भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम) ने नौ हजार रुपए की रिश्वत लेने के आरोप में खेमाणा पंचायत (रायपुर) के सरपंच जगदीशचन्द्र खटीक को दोषी मानते हुए गुरुवार को पांच साल के कारावास की सजा सुनाई। वहीं एक लाख रुपए जुर्माने के आदेश दिए। प्रकरण के अनुसार 22 फरवरी 2007 को गल्यावड़ी के लक्ष्मणलाल सुथार ने भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) को शिकायत दी। आरोप लगाया कि उसके मकान के निकट बाड़े का पट्टा बनवाने के लिए सरपंच जगदीशचन्द्र ने 13 हजार रुपए रिश्वत मांगी।
एसीबी ने शिकायत का सत्यापन कराया। इस दौरान 9500 रुपए तय हुए। सत्यापन के दौरान 500 रुपए ले लिए गए। नौ हजार रुपए दो-तीन दिन बाद देना तय हुआ। एसीबी ने जाल बिछाया। 26 फरवरी 2007 को केमिकल लगे नौ हजार रुपए देकर परिवादी लक्ष्मण को भेजा। उसने पंचायत कार्यालय में सरपंच जगदीशचन्द्र को रिश्वत की राशि दे दी। इशारा मिलते ही एसीबी ने दबिश दी। रंग लगे नोट सरपंच के पास से बरामद हो गए और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। उसके खिलाफ अदालत में चालान पेश किया गया। विशिष्ट सहायक लोक अभियोजक चन्द्रभारन जोशी ने अभियुक्त के खिलाफ गवाह और दस्तावेज कर आरोप सिद्ध किया। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद सरपंच को दोषी मानते हुए पांच साल की सजा सुनाई।
भीलवाड़ा—अजमेर हाईवे पर आगे का टायर फटने से ट्रेलर पलटा
रायला में भीलवाड़ा—अजमेर राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 79 पर आगे का टायर फटने से एक ट्रेलर अनियंत्रित होकर खाई में पलट गया। इसमें चालक व खलासी बाल—बाल बच गए। सूचना पर रायला थाना पुलिस मौके पर पहुंची। जानकारी के अनुसार हाईवे पर रायला थाने के पास एक ट्रेलर का आगे का टायर फटने से ट्रेलर अनियंत्रित होकर खाई में पलट गया। जिससे ट्रेलर में सवार चालक व खलासी बाल बाल बच गए। मौके पर मौजूद लोगों ने उन्हें बाहर निकाला। सूचना पर रायला थाना पुलिस मौके पर पहुंची।
Published on:
16 Nov 2017, 7:52 PM IST
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