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‘हूं मैं उत्तर प्रदेश की बेटी ही’, ‘मिर्जापुर’ की गोलू गुप्ता उर्फ श्वेता त्रिपाठी ने आखिर क्यों कही ये बात?

Mirzapur Fame Shweta Tripathi On Uttar Pradesh: मिर्जापुर फेम श्वेता त्रिपाठी ने हाल ही में अपने उत्तर प्रदेश से खास जुड़ाव को लेकर बात की है। श्वेता ने बताया है कि वो भले ही अलग-अलग शहरों में रही हैं लेकिन वो हैं तो उत्तर प्रदेश की बेटी ही। क्या कुछ कहा है श्वेता ने, चलिए जानते हैं।
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मुंबई

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Himanshu Soni

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Updated: 25 Oct 2026, 3:55 PM IST

Mirzapur Fame Shweta Tripathi On Uttar Pradesh

श्वेता त्रिपाठी (फोटो सोर्स- IMDb)

Mirzapur Fame Shweta Tripathi On Uttar Pradesh: ‘मिर्जापुर’ में गोलू गुप्ता के किरदार से पहचान बनाने वाली अभिनेत्री श्वेता त्रिपाठी का उत्तर प्रदेश और खासकर लखनऊ से खास रिश्ता है। भले ही उनका जन्म दिल्ली में हुआ हो, लेकिन वह खुद को उत्तर प्रदेश की बेटी मानती हैं। हाल ही में लखनऊ पहुंचीं श्वेता ने अपने परिवार, बचपन की यादों और शहर से जुड़े भावनात्मक रिश्ते के बारे में बात की। उन्होंने बताया कि लखनऊ उनके लिए सिर्फ घूमने की जगह नहीं, बल्कि यादों और अपनापन से जुड़ा शहर है।

‘मैं हूं यूपी की बेटी’

श्वेता त्रिपाठी ने बताया कि उनकी मां लखनऊ से हैं, जबकि उनके पिता हरदोई के संडीला स्थित राम मदरपुर गांव से ताल्लुक रखते हैं। उनके पिता लखनऊ में शिक्षक भी रहे थे। बाद में वह आईएएस अधिकारी बने। पिता के काम की वजह से श्वेता को अलग-अलग शहरों में रहने और घूमने का मौका मिला, लेकिन उत्तर प्रदेश से उनका रिश्ता हमेशा बना रहा।

श्वेता के मुताबिक, काम के सिलसिले में भी लखनऊ उन्हें बार-बार अपनी ओर खींचता है। यही वजह है कि इस शहर में आने पर उन्हें पुराने दिनों की याद आने लगती है।

नाना के पांच रुपये और गोल्डस्पॉट का स्वाद

लखनऊ से जुड़ी बचपन की यादों को साझा करते हुए श्वेता ने बताया कि उनके नाना उन्हें पांच रुपये दिया करते थे। उस समय उनके लिए इस रकम की बहुत अहमियत थी, क्योंकि इसमें नाना का प्यार भी शामिल था। उन्हें अपनी पसंदीदा गोल्डस्पॉट सॉफ्ट ड्रिंक पीना और परिवार के साथ खाने-पीने के लिए रोवर्स जाना भी याद है।

वह हजरतगंज में स्कूटी पर घूमने, चाट और कबाब का स्वाद लेने जैसे अनुभवों को भी याद करती हैं। श्वेता खुद को खाने-पीने का शौकीन बताती हैं। उन्होंने कहा कि लखनऊ में दशहरे का त्योहार मनाना भी उनके बचपन की खास यादों में शामिल है। परिवार के साथ मेले में जाना, त्योहार के कपड़े पहनना और फिर साथ बैठकर खाना खाना उन्हें आज भी याद है।

चिकनकारी और अली फजल से खास जुड़ाव

श्वेता को लखनऊ की चिकनकारी भी काफी पसंद है। उन्होंने बताया कि उनकी अलमारी में चिकनकारी के कई कपड़े हैं, जिन्हें वह अक्सर पहनती हैं। उनके मुताबिक, कुछ शहरों से इंसान का ऐसा रिश्ता बन जाता है, जिसे शब्दों में समझाना आसान नहीं होता।

लखनऊ से उनके जुड़ाव की एक वजह अभिनेता अली फजल भी हैं। श्वेता ने उनके साथ काम किया है और बताया कि अली जिस तरह अपनेपन और प्यार से मेहमानों की मेजबानी करते हैं, वह उनके लिए खास है।

‘मिर्जापुर’ समेत कई प्रोजेक्ट की शूटिंग

श्वेता त्रिपाठी ने लखनऊ में कई प्रोजेक्ट की शूटिंग की है। इनमें ‘मिर्जापुर’ के अलग-अलग सीजन, साल 2020 में आई फिल्म ‘रात अकेली है’ और 2023 की फिल्म ‘कंजूस मक्खीचूस’ शामिल हैं। वह महिला प्रीमियर क्रिकेट से जुड़ी टीम यूपी वॉरियर्ज की ब्रांड एंबेसडर भी रह चुकी हैं। शूटिंग के अलावा वह प्रमोशन और कार्यक्रमों के लिए भी लखनऊ आती रहती हैं।

पुरानी इमारतों और विरासत ने जीता दिल

हाल की यात्रा के दौरान श्वेता ने पुराने लखनऊ की गलियों, हवेलियों और ऐतिहासिक इमारतों को करीब से देखा। उन्हें पुराने दरवाजों, ईंटों की दीवारों और इमारतों की बनावट ने प्रभावित किया। उन्होंने कहा कि इतिहास को जानना और अपनी विरासत को सहेजकर रखना जरूरी है।

इस दौरान उन्होंने अमीर-उद-दौला लाइब्रेरी का भी दौरा किया, जहां उन्होंने हजारों साल पुरानी बताई गई साहित्यिक सामग्री देखी। श्वेता का मानना है कि जीवन में हर जगह से कुछ नया सीखने की कोशिश करनी चाहिए, क्योंकि ज्ञान कभी न कभी काम जरूर आता है।

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