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हवाई किराया आसमां पर, क्रिसमस और न्यू ईयर की भारी डिमांड

नया साल आने में कुछ ही दिन बचे है। ऐसे में नया साल मनाने के लिए शहरवासियों की बुकिंग शुरू हो चुकी है। लगातार छुट्टियां मिलने के कारण ज्यादातर लोगों का प्रोग्राम बाहर घूमने के लिए बन ही जाता है।
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जयपुर

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Narendra Singh Solanki

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Updated: 16 Dec 2022, 12:10 PM IST

हवाई किराया आसमां पर, क्रिसमस और न्यू ईयर की भारी डिमांड

हवाई किराया आसमां पर, क्रिसमस और न्यू ईयर की भारी डिमांड

नया साल आने में कुछ ही दिन बचे है। ऐसे में नया साल मनाने के लिए शहरवासियों की बुकिंग शुरू हो चुकी है। लगातार छुट्टियां मिलने के कारण ज्यादातर लोगों का प्रोग्राम बाहर घूमने के लिए बन ही जाता है। भारी डिमांड होने की वजह से ऐसे समय में एक तो टिकट मिलना मुश्किल हो जाता है और अगर टिकट मिलते भी हैं तो कीमतें ज्यादा होने की उम्मीद रहती है। जैसे-जैसे छुट्टियां नजदीक आएंगी, कंपनियां फ्लाइट्स की कीमतें और बढ़ाएंगी। दिल्ली, गोआ, मुंबई, दुबई और श्रीनगर जाने के लिए किराया दोगुना तक वसूला जा रहा है। कंपनियां मोटा किराया वसूल कर महानगरों के सफर के लिए मोटी चांदी कूट रही है। ऐसे में डीजीसीए की ओर से कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है।

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आने का किराया भी दोगुना से अधिक


जयपुर से जाने के साथ ही आने का किराया भी महंगा नजर आ रहा है। बड़े महानगर बेंगलुरु से जयपुर आने के लिए तो किराया 16 हजार रुपए तक पहुंच चुका है, जबकि आम दिनों में यह किराया 7500 के बीच ही रहता है। मुम्बई, पुणे, चेन्नई, अहमदाबाद, हैदराबाद आदि शहरों से जयपुर आगमन के लिए यात्रियों को किराया अधिक चुकाना पड़ रहा है। 25 से 1 जनवरी तक जयपुर आने के लिए हवाई किराया ज्यादा लग रहा है।

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ऐसे तय होते हैं टिकट के दाम


डीजीसीए द्वारा हवाई किराये पर लगी सीमा को हटाने और बढ़ाने से टिकट के दाम तय होते हैं। डीजीसीए हवाई किराए की सीमा को कम और ज्यादा कर सकता हैं। हवाईअड्डों का निजीकरण और हवाई टिकटों की प्रतिस्पर्धी कीमतों के चलते ऐसा होता हैं, जिनके चलते आपको कभी-कभी हवाई किराया कई गुना देना पड़ता है।

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ये है बड़ा कारण


हवाई टिकट महंगे होने का सबसे बड़ा कारण हवाई अड्डों का निजीकरण है, जिसके चलते एयरपोर्ट अब अपना उपयोग करने के लिए एयरलाइंस कंपनियों से हर संभव शुल्क वसूल रहे हैं। टिकट की कीमतें तय करने में कुछ प्रमुख कारण हैं इनमें हवाई यात्रा की दूरी, डेस्टिनेशन, एयरपोर्ट टैक्स/चार्ज आदि सब कुछ शामिल होता हैं।