29 अक्टूबर 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Hero Motors के शेयर में लगे लगातार 3 अपर सर्किट, IPO प्राइस से 46% उछला, जानिए क्या है वजह

Hero Motors Share News: हीरो मोटर्स का शेयर 29 अक्टूबर को लगातार तीसरे दिन 5% के अपर सर्किट के साथ 122.40 रुपये पर पहुंच गया। आईपीओ के 84 रुपये के भाव से शेयर करीब 46% चढ़ चुका है।
3 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

भारत

•

image

Pawan Jayaswal

•

Updated: 29 Oct 2026, 12:30 PM IST

Hero Motors Share

हीरो मोटर्स के शेयर में तेजी देखने को मिली है। (PC: AI)

Hero Motors के शेयर में गुरुवार, 29 अक्टूबर को लगातार तीसरे कारोबारी दिन तेजी जारी रही। कंपनी का शेयर बीएसई पर 5% के अपर सर्किट के साथ 122.40 रुपये पर पहुंच गया है। इस तेजी के साथ शेयर अपने आईपीओ के इश्यू प्राइस 84 रुपये से करीब 46% ऊपर पहुंच चुका है। कंपनी के सितंबर तिमाही के मजबूत नतीजों और मुनाफे में तेज बढ़ोतरी से शेयर को सपोर्ट मिला है। हालांकि, हालिया तेजी के बावजूद शेयर के पिछले एक महीने का परफॉर्मेंस कमजोर रहा है। इस दौरान इसमें करीब 12% की गिरावट आई थी। वहीं, पिछले एक सप्ताह में शेयर लगभग 5% चढ़ा है। ऐसे में निवेशकों की नजर अब इस बात पर रहेगी कि कंपनी इस तेजी को बनाए रख पाती है या नहीं।

तीन दिन में करीब 16% चढ़ा शेयर

29 अक्टूबर को हीरो मोटर्स का शेयर बीएसई पर 120 रुपये पर खुला और कारोबार के दौरान 5% के अपर सर्किट के साथ 122.40 रुपये तक पहुंच गया। इससे पहले भी लगातार दो कारोबारी सत्रों में शेयर में अपर सर्किट लगा था। पिछले तीन कारोबारी सत्रों में शेयर करीब 16% चढ़ चुका है। आईपीओ के दौरान कंपनी ने शेयर का इश्यू प्राइस 84 रुपये तय किया था। इस हिसाब से अब तक शेयर में करीब 46% की बढ़त दर्ज की जा चुकी है।

कब आया था IPO?

कंपनी ने 23 सितंबर 2026 को शेयर बाजार में कदम रखा था। लिस्टिंग के दिन शेयर बीएसई पर 82.10 रुपये पर खुला था, जो आईपीओ प्राइस से 2.26% कम था। हालांकि, इसके बाद शेयर में तेजी आई और यह 98.51 रुपये पर बंद हुआ। इस तरह लिस्टिंग के दिन ही शेयर ने इश्यू प्राइस के मुकाबले 17.27% का रिटर्न दिया था।

क्यों आ रही हीरो मोटर्स के शेयर में तेजी?

हीरो मोटर्स के शेयर में तेजी की एक बड़ी वजह कंपनी के तिमाही नतीजे हैं। कंपनी ने 13 अक्टूबर को सितंबर 2026 में समाप्त तिमाही के नतीजे जारी किए थे। इनमें मुनाफे से लेकर बिक्री और ऑपरेटिंग परफॉर्मेंस तक में सुधार देखने को मिला। कंपनी का शुद्ध मुनाफा सालाना आधार पर 115.6% बढ़कर 10.2 करोड़ रुपये हो गया। पिछले साल की समान तिमाही में यह 4.73 करोड़ रुपये था।

कंपनी का परिचालन से होने वाला रेवेन्यू 24.9% बढ़कर 319.3 करोड़ रुपये पर पहुंच गया। एक साल पहले यह 255.7 करोड़ रुपये था। ब्याज, टैक्स, डेप्रिसिएशन और अमॉर्टाइजेशन से पहले की कमाई यानी एबिटडा 92% बढ़कर 35.9 करोड़ रुपये हो गया। पिछले साल इसी अवधि में यह 18.7 करोड़ रुपये था। कंपनी का ऑपरेटिंग मार्जिन भी 7.3% से बढ़कर 11.3% हो गया। यानी इसमें करीब 4 प्रतिशत का सुधार हुआ। इन आंकड़ों से पता चलता है कि कंपनी की बिक्री बढ़ने के साथ कमाई और ऑपरेटिंग मार्जिन में भी सुधार हुआ है। निवेशकों के लिए यह कंपनी की कारोबारी स्थिति में सुधार का अहम संकेत है।

ब्रिटेन की कंपनी में हिस्सेदारी बढ़ाएगी हीरो मोटर्स

तिमाही नतीजों के साथ हीरो मोटर्स ने अपनी ब्रिटेन बेस्ड सब्सिडियरी कंपनी Hewland Engineering Ltd (HEL) में अतिरिक्त 39% हिस्सेदारी खरीदने की योजना भी घोषित की है। इस सौदे पर करीब 6 लाख ब्रिटिश पाउंड खर्च किए जाएंगे। कंपनी मौजूदा शेयरधारकों विलियम हेवलैंड और सियोभान हेवलैंड से 8,039 इक्विटी शेयर खरीदेगी। सौदा पूरा होने के बाद Hewland Engineering में हीरो मोटर्स की हिस्सेदारी 51% से बढ़कर 90% हो जाएगी। इस अधिग्रहण को करीब छह महीने में पूरा करने की योजना है।

क्या काम करती है हीरो मोटर्स?

हीरो मोटर्स ऑटोमोबाइल कंपनियों के लिए पावरट्रेन से जुड़े उपकरणों और टेक्निकल सॉल्यूशंस को डिजाइन करने, विकसित करने और बनाने का काम करती है। इसके उत्पाद दोपहिया वाहनों, इलेक्ट्रिक साइकिल, ऑफ-रोड वाहनों, इलेक्ट्रिक और हाइब्रिड कारों के साथ भारी वाहनों में इस्तेमाल होते हैं। कंपनी भारत के अलावा यूरोप, अमेरिका और आसियान देशों के बाजारों में भी कारोबार करती है। इसके ग्राहकों में BMW, Ducati, Enviolo, Formula Motorsport, Hummingbird EV और HWA जैसी कंपनियां शामिल हैं।

क्या कह रहे एक्सपर्ट्स

हीरो मोटर्स के शेयर में तेज उछाल के बाद निवेशकों के सामने सबसे बड़ा सवाल है कि क्या मौजूदा स्तर पर खरीदारी करना सही रहेगा। इस बारे में बोनांजा के रिसर्च एनालिस्ट प्रथमेश कडिवाल का कहना है कि कंपनी को ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री में प्रीमियम वाहनों और अधिक कीमत वाले उत्पादों की बढ़ती मांग से फायदा मिल सकता है। उनके मुताबिक, कंपनी का बेहतर ऑपरेटिंग लेवरेज और इनपुट लागत में नरमी भी उसके परफॉर्मेंस को सपोर्ट दे सकती है। कडिवाल ने कंपनी की बैलेंस शीट में सुधार और मजबूत रिटर्न रेशियो को भी सकारात्मक बताया।

(डिस्क्लेमर: यह आर्टिकल सिर्फ जानकारी मात्र है। यह निवेश की सलाह नहीं है। शेयर मार्केट/म्यूचुअल फंड में निवेश जोखिम भरा होता है। कहीं भी पैसा लगाने से पहले अपने निवेश सलाहकार से परामर्श लें।)