
Grain prices
नई दिल्ली। कोरोना का मार से इंसान परेशान हो ही रहा है ऐसे में मंहगाई के मार से इंसान के ऊपर मानो बज्र ही गिर गया हो। अभी तक लोग पेट्रोल-डीजल से लेकर घरेलू एलपीजी की बढ़ती कीमतो के बोझ से दबे हुए थे उसके बाद अब पेट भरने वाले अनाज को दामों में भी तेजी से बढ़ोत्तरी देखी जा रही है। आटा, चावल, दाल से लेकर रोजमर्रा की जिंदगी में उपयोग के जाने वाला सरसों तेल भी इतना मंहगा हो गया है कि लोग अब सब्जी खाने में भी परहेज कर रहे है। तेल तो तेल सब्जियों के भाव भी आसमान को छू रहे है ऐसे में एक गरीब किस तरह से अपने परिवार का गुजारा कर पाएगा यह तो वही लोग समझ सकते है। उपभोक्ता मंत्रालय की वेबसाइट पर दिए गए आंकड़ों के मुताबिक पिछले तीन महीने में तेल से लेकर दूध और आटा से लेकर चाय तक के दामों में काफी बढ़ोत्तरी हुई है। अब बढ़ते दाम लोगों का बजट बिगाड़ रहे हैं।
उपभोक्ता मंत्रालय की वेबसाइट पर दिए गए आंकड़ों के अनुसार पिछले साल 10 दिसंबर 2020 के मुकाबले इस साल 10 मार्च 2021 को चावल के रेट में 9.3 फीसद, गेहूं में 2.34 फीसद और गेहूं के आटे में 6.18 फीसद की बढ़ोत्तरी हुई है। वहीं पिछले 3 महीने में खुदरा बाजार में आलू, टमाटर और प्याज के भाव में कमी ने उपभोक्ताओं को थोड़ी राहत दी है। इन तीन महीनों में पैक पाम तेल 104 रुपये से उछलकर करीब 118 रुपये, सूरजमुखी तेल 129 से 151, वनस्पति तेल 102 से 117 और सरसों का तेल 137 से 149 रुपये प्रति लीटर पर पहुंच गया है। वहीं मूंगफली और सोया तेल में भी 14 फीसद तक महंगे हुए हैं।
दालों के भाव में आया उछाल
अब अनाज में दालों की बात करें तो दिए गए ताजा आंकड़ों के मुताबिक अरहर यानी दाल में गिरावट दर्ज की गई है। अरहर दाल औसतन 106 रुपये , उड़द दाल 107 से 111, मसूर की दाल 78 से 79 रुपये पर आ चुकी है। मूंग दाल भी 104 से 106 रुपये किलो पर पहुंच गई है। चावल में 9 फीसदी बढ़ोतरी हुई है। अगर चाय की बात करें तो इसके भाव में भी काफी उबाल आया है। जो थमने का नाम नहीं ले रहा है। खुली चायपत्ती इस समयावधि में 14 फीसद बढ़कर 247 से 283रुपये पर पहुंच गई है। चीनी और गुड़ के भाव थोड़े कम हुए हैं।
Published on:
13 Mar 2021, 6:18 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.