घरेलू क्रिकेट में बल्लेबाजी के बादशाह माने जाने वाले जाफर ने कहा कि खेलने के साथ कोचिंग करना उन्हें अच्छा लगता है। उन्होंने कहा कि वह अभी सक्रिय रूप से खेल रहे हैं, इसलिए उन्हें पता है कि बच्चों के साथ क्या समस्या है या उनके साथ क्या मानसिक समस्या हो सकती हैं। चूंकि वह खेल रहे हैं, इसलिए उन समस्याओं को अच्छी तरह से समझ सकते हैं और वह उन्हें सुलझा भी सकते हैं। उन्होंने कहा कि यह उनके लिए फायदे की बात है कि वह खेल रहा हैं। वह जानते हैं बच्चों की समस्याओं को, इसलिए वह अगर यहां से सीधे कोचिंग में जाते हैं तो उन्हें लगता है की वह उनकी समस्याओं को समझ सकते हैं।