16 अक्टूबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

रेप की एक और वारदात से दहला उठा कठुआ, शिक्षक ने छात्रा से किया दुष्कर्म

जम्मू कश्मीर के कठुआ में एक और रेप की वारदात को अंजाम दिया गया है। पुलिस ने छात्रा से रेप करने वाले आरोपी टीचर को गिरफ्तार कर लिया।
2 min read
Google source verification

•

image

Chandra Prakash Chourasia

•

May 07, 2018

rape in kathua

श्रीनगर: जम्मू-कश्मीर के कठुआ में आठ साल की बच्ची से सामूहिक दुष्कर्म के बाद हत्या का मामला अभी थमा भी नहीं था कि इसी जिले में एक और रेप की घटना से कश्मीर दहल गई है। यहां एक टीचर ने अपनी ही छात्रा के साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया है।

शिक्षक ने छात्रा से किया दुष्कर्म
ताजा मामला कठुआ के ही बानी तहसील का है। यहां एक गांव में एक शिक्षक द्वारा एक छात्रा के साथ बलात्कार का मामला सामने आया है। पुलिस ने आरोपी शिक्षक को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने बताया कि बानी तहसील के बाग गांव की एक लड़की ने रविवार को थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसके ट्यूटर ने उसके साथ दुष्कर्म किया है।

छापेमारी के बाद आरोपी गिरफ्तार
कठुआ गैंगरेप की घटना से सबक लेते हुए शिकायत मिलते पुलिस ने कई टीमें बनाकर आरोपी की तलाश शुरू कर दी। पुलिस ने इलाके की घेराबंदी कर कई स्थानों पर छापेमारी की। जिसके बाद आरोपी शिक्षक संजय कुमार नामक को गिरफ्तार कर लिया गया है।

आरपीसी के तहत मामला दर्ज
इस संबंध में पुलिस ने रणबीर दंड संहिता (आरपीसी) की धारा 376 के तहत मामला दर्ज किया गया है और मामले की जांच की जा रही है।

पठानकोर्ट ट्रांसफर हुआ कठुआ रेप केस
वहीं दूसरी ओर कठुआ में आठ साल की बच्ची से गैंगरेप और हत्या मामले को सोमवार को सुप्रीम कोर्ट ने स्थानांतरित कर पठानकोट कोर्ट के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष भेजने का आदेश दिया। कोर्ट ने मामले की जांच जम्मू-कश्मीर पुलिस के अपराध शाखा से हटाकर सीबीआई को सौंपने से इंकार कर दिया। राज्य में पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी(पीडीपी)गठबंधन सरकार में शामिल भारतीय जनता पार्टी(भाजपा) के कई नेताओं और आरोपियों ने मामले की जांच सीबीआई को सौंपने की मांग की थी। कोर्ट के फैसले का मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने स्वागत किया है।
महबूबा ने ट्वीट में कहा, 'मैं कठुआ मामले में शीर्ष अदालत के आज के फैसले का स्वागत करती हूं। यह फैसला हमारी जम्मू-कश्मीर की पुलिस के मनोबल के प्रोत्साहन में मददगार होगा क्योंकि मामले में पुलिस को आलोचनाओं का सामना करना पड़ा। हालांकि पुलिस ने मामले में पीड़ित परिवार को न्याय मिले इसके लिए कोई कोर कसर नहीं छोड़ी है।'