
पीतांबरा पीठ के नाम पर चल रहा फर्जी 'मिर्ची हवन' (Photo Source- Patrika)
Scam With Devotees :मध्य प्रदेश के दतिया जिले में स्थित विश्व प्रसिद्ध शक्तिपीठ श्री पीतांबरा पीठ के नाम पर इन दिनों सोशल मीडिया और फर्जी मोबाइल एप्स के जरिए अनुष्ठान कराने वालों पर मंदिर प्रबंधन ने सख्त एक्शन लेने का फैसला लिया है। ठगों द्वारा श्रद्धालुओं को ऑनलाइन हवन और अनुष्ठान का झांसा देकर लाखों रूपए तक वसूले जा रहे हैं। श्रद्धालुओं के साथ की जा रही ठगी के मामले सामने आने के बाद अब मंदिर प्रबंधन की ओर से इसपर कड़ा रूख अपनाते हुए ठगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की तैयारी कर ली है। साथ ही, मां पीताम्बरा के भक्तों से भी इस तरह के फर्जी हवन के जाल में फंसने से बचने की अपील की गई है।
बताया जा रहा है कि, बीते कुछ समय से सोशल मीडिया पर 'मिर्ची हवन' और 'डिजिटल अनुष्ठान' के नाम पर फर्जी और भ्रामक प्रचार किया जा रहा है। दावा किया जा रहा है कि ऑनलाइन भुगतान कर श्रद्धालु घर बैठे पीतांबरा पीठ में विशेष हवन करा सकते हैं। मामला सामने आने के बाद मंदिर के व्यवस्थापक महेश दुबे ने सोशल मीडिया पर किए जा रहे इन तमाम दावों को पूरी तरह से निराधार और फर्जी करार दिया है।
श्री पीतांबरा पीठ के व्यवस्थापक महेश दुबे ने इस संबंध में बाकायदा प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए बताया कि, मंदिर में मिर्ची वाले हवन जैसा कोई विधान ही नहीं होता। श्री पीतांबरा पीठ में साल में सिर्फल दो बार चैत्र और शारदीय नवरात्र के दौरान ही विशेष हवन यज्ञ आयोजित किए जाते हैं। ये हवन भी मंदिर में ही होता है, जिसका डिजिटली हवन कराने का कोई माध्यम नहीं है। दुबे के अनुसार, ऑनलाइन माध्यम से पैसे लेकर हवन कराने का मंदिर का कोई आधिकारिक प्रावधान ही नहीं है।
मीडिया से चर्चा के दौरान मंदिर प्रबंधन ने स्पष्ट रुप से कहा कि, वो ऐसे फर्जी एप्स और सोशल मीडिया हैंडल को चिन्हित करने का काम कर रहे हैं, जो मंदिर की छवि बिगाड़ने में जुटे हैं। साथ ही, मां पीताम्बरा के भक्तों के साथ धोखाधड़ी कर रहे हैं। प्रबंधन ने ये भी कहा कि, वो इस मामले में कलेक्टर से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपन वाले हैं।
पीताम्बरा मंदिर प्रबंधन की ओर से देशभर के श्रद्धालुओं से विशेष अपील भी की है। व्यवस्थापक महेश दुबे ने कहा कि, सोशल मीडिया पर चल रहे ऐसे किसी भी भ्रामक विज्ञापनों या एप्स के झांसे में न पड़े, ये सभी फर्जी हैं। मंदिर की अपनी परंपराएं हैं और किसी भी प्रकार का ऑनलाइन 'शॉर्टकट' अनुष्ठान मंदिर द्वारा संचालित ही नहीं किया जा रहा। ये सभी आपके साथ फ्रॉड कर रहे हैं। ऐसे किसी भी स्कैम से बचें।
Published on:
04 May 2026 08:16 am
