सरकार से एक लाख रुपए की सहायता मिली है। इसके बाद बांदीकुई पहुंचने पर मिठाई की दुकान करने वाले राधेश्याम शर्मा से मुलाकात हुई। वे बाले, बांदीकुई में कोई विकास नहीं हुआ और कस्बे के हालात अच्छे नहीं है। उन्होंने जगह-जगह अतिक्रमण और टूटी सड़कों के हालात भी दिखाए। थोड़ा आगे चाय की थड़ी पर रुककर लोगों से सरकारी योजनाओं के बारे में पूछा तो तस्वीर अच्छी दिखाई दी, खासकर चिरंजीवी बीमा योजना को लेकर लोग खुश हैं कि अब उन्हें महंगे इलाज में सहायता और सुरक्षा मिल रही है। आगे चलकर ग्राम पंचायत पीचूपाड़ा पहुंचे तो वहां बाहर ही किराने का काम करने वाले युवक किशन से बात की।