
प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo- Patrika)
धौलपुर जिले को पश्चिम मध्य रेलवे के कोटा डिवीजन से जोडने की बहुप्रतीक्षित धौलपुर-सरमथुरा-करौली रेलवे लाइन पर कार्य शुरू हो चुका है और अब रेलवे प्रशासन ने जिले के बाड़ी में भूमि अवाप्त की प्रक्रिया पूर्ण कर ली है, अब केवल भूमि मालिकों को राशि (अवार्ड) वितरित करना शेष है। उम्मीद है कि रेलवे की ओर से आगामी सोमवार को राशि वितरण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। राशि सीधे भूमि मालिक के बैंक खाते में जमा होगी।
रेलवे की ओर से धौलपुर और बाड़ी उपखण्ड में करीब 113.11 करोड़ रुपए अवार्ड राशि जारी की जाएगी। यानी एक अरब 13 करोड़ रुपए बटेंगे। हालांकि, इसमें सरमथुरा उपखंण्ड की भूमि अभी शामिल है। जिला प्रशासन की ओर से सरमथुरा उपखंड में भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जल्द ही प्रशासन की ओर विज्ञप्ति जारी कर संबंधित से आपत्ति मांगी जाएगी।
गौरतलब रहे कि धौलपुर-सरमथुरा-तांतपुर छोटी लाइन के स्थान पर रेलवे की ओर से ब्राड गेज लाइन बिछाई जा रही है। धौलपुर उपखण्ड में छोटी लाइन के स्थान पर बड़ी रेलवे लाइन बिछाने का कार्य गत वर्ष ही शुरू हो गया था। अब बाड़ी उखखंड ट्रेक बिछाने का कार्य शुरू होगा है। बाड़ी के बाद रेलवे प्रशासन सरमथुरा उपखंड में कार्य शुरू करेगा। सरमथुरा उपखंड में करीब 100 हेक्टेयर भूमि है, जिसमें होकर रेलवे लाइन करौली जिले की ओर जाएगी।
हालांकि, पड़ोसी करौली जिले में अभी रेलवे लाइन और भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू नहीं हो पाई है। करौली में द्वितीय फेज में कार्य शुरू होगा। हालांकि, भूमि अधिग्रहण कार्य में देरी की वजह से रेलवे प्रोजेक्ट पूर्ण होने में अभी और समय लग सकता है। हालांकि, सरमथुरा तक लाइन कार्य आगामी 2026 तक पूर्ण होने की संभावना है।
जिले के बाड़ी और धौलपुर उपखंड में भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पूर्ण होने पर अब मालिकों को अवार्ड राशि जारी की जाएगी। बाड़ी उपखंड में करीब 122 हेक्टेयर भूमि में होकर रेलवे लाइन निकलेगी। यहां पर 86.11 करोड़ रुपए के अवार्ड जारी होंगे। वहीं, धौलपुर उपखंड में करीब 28 करोड़ रुपए की राशि बटेगी। यहां पर करीब 18 हेक्टेयर भूमि है। वहीं, सरमथुरा में 100 हेक्टयेर भूमि है। यहां पर नियम 20 एफ के तहत कार्रवाई शुरू हो गई है। अब एक माह का विज्ञप्ति जारी कर आपत्तियां मांगी जाएगी। उसके बाद अधिग्रहण प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
भूमि अधिग्रहण राशि नहीं मिलने से पहले ही रेलवे ठेकेदार की ओर से बाड़ी उपखंड में ट्रेक के लिए खेत पर पहुंच कर जेसीबी से कार्य शुरू कर दिया। जिसका किसान और भूमि मालिकों ने विरोध किया। जिस पर ठेकेदार के लोगों पर भूमि मालिकों को धमकाने का भी आरोप लगा। शिकायत पर जिला कलक्टर श्रीनिधि बी टी ने अवार्ड राशि प्रक्रिया शुरू नहीं होने तक कार्य शुरू नहीं करने के निर्देश दिए।
Updated on:
23 May 2025, 11:16 AM IST
Published on:
23 May 2025, 11:16 AM IST
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